Shardiya Navratri Bhog List
Shardiya Navratri Bhog List
Shardiya Navratri 2026: शारदीय नवरात्रि का 11 अक्टूबर से शुभारंभ होने के साथ ही स्वर्ग लोग से धरती पर मां दुर्गा का आगमन हो गया है. माता रानी के भक्त शारदीय नवरात्रि के नौ दिनों तक मां दुर्गा के अलग-अलग स्वरूपों की पूजा-अर्चना करते हैं. माता रानी को तरह-तरह के पकवान चढ़ाते हैं. मां दुर्गा को नवरात्रि के हर दिन अलग-अलग चीजों का प्रसाद अर्पित किया जाता है. आज हम आपको बता रहे हैं कि शारदीय नवरात्रि के नौ दिनों तक मां दुर्गा के अलग-अलग स्वरूपों को क्या-क्या भाग चढ़ाना चाहिए. यदि आप माता रानी को प्रिय भोग चढ़ाएंगे तो आपको माता ढेर सारा आशीर्वाद देंगी. आपके घर में सुख-समृद्धि आएगी और पैसों की तंगी कभी नहीं होगी.
किस दिन किस देवी की पूजा
आपको मालूम हो कि नवरात्रि के पहले दिन माता दुर्गा के प्रथम स्वरूप मां शैलपुत्री की पूजा की जाती है. दूसरे दिन मां ब्रह्मचारिणी, तीसरे दिन मां चंद्रघंटा, चौथे दिन मां कूष्मांडा, पांचवें दिन देवी स्कंदमाता, छठे दिन मां कात्यायनी, नवरात्रि के सातवें दिन मां कालरात्रि, आठवें दिन मां गौरी और नौवें दिन मां सिद्धिदात्री की पूजा-अर्चना की जाती है.
शारदीय नवरात्रि के 9 दिनों की भोग लिस्ट
पहला दिन: शारदीय नवरात्रि का पहला दिन मां दुर्गा के पहले स्वरूप मां शैलपुत्री को समर्पित है. मां शैलपुत्री को दूध और शुद्ध घी से बनी सफेद मिठाई का भोग लगाने से माता रानी की विशेष कृपा बरसती है.
दूसरा दिन: शारदीय नवरात्रि के दूसरे दिन मां ब्रह्मचारिणी की आराधना की जाती है. मां ब्रह्मचारिणी को चीनी या गुड़ का भोग जरूर अर्पित करना चाहिए. यदि आप ऐसा करेंगे तो आप पर माता ब्रह्मचारिणी की कृपा सदैव बनी रहेगी. घर में सुख-समृद्धि आएगी.
तीसरा दिन: शारदीय नवरात्रि के तीसरे दिन मां दुर्गा के तीसरे स्वरूप मां चंद्रघंटा की पूजा-अर्चना की जाती है. इस दिन मां चंद्रघंटा को दूध या मेवा से बनी चीजों का भोग लगाना चाहिए. इससे माता रानी की विशेष कृपा बरसती है.
चौथा दिन: शारदीय नवरात्रि के चौथे दिन मां कूष्मांडा की आराधा की जाती है. माता कूष्मांडा को मालपुआ बहुत प्रिय है. ऐसे में इस दिन मालपुआ को प्रसाद जरूर चढ़ाएं.
पांचवां दिन: शारदीय नवरात्रि का पांचवें दिन माता स्कंदमाता की पूजा-अर्चना की जाती है. इस दिन माता स्कंदमाता को केला का भोग जरूर लगाएं. इससे माता रानी खुश होती है.
छठा दिन: शारदीय नवरात्रि छठे दिन मां कात्यायनी की उपासना की जाती है. इस दिन माता रानी को शहद और मीठा पान जरूर अर्पित करें.
सातवां दिन: शारदीय नवरात्रि के सातवें दिन मां कालरात्रि की पूजा-अर्चना की जाती है. इस दिन मां कालरात्रि को गुड़ का भोग लगाना शुभ और फलदायी माना जाता है.
आठवां दिन: शारदीय नवरात्रि के आठवें दिन मां गौरी की आराधा की जाती है. अष्टमी पूजा के दिन कन्या पूजन का भी विधान है. इस दिन मां गौरी को खीर-पूड़ी, हलवा और नारियल का भोग लगाने से माता रानी की विशेष कृपा बरसती है.
नौवां दिन: शारदीय नवरात्रि के नौवें दिन को नवमी पूजा भी कहते हैं. इस दिन मां सिद्धिदात्री की पूजा-अर्चना की जाती है. नवरात्रि के नौवें दिन माता सिद्धिदात्री को चना और हलवे का भोग जरूर लगाना चाहिए. आपको मालूम हो को नवमी के दिन भी कन्या पूजन किया जाता है.