अच्छी बात के इस एपिसोड में पंडित धीरेंद्र शास्त्री ने पश्चिम बंगाल के तारापीठ के महान संत बामा खेपा और गोस्वामी तुलसीदास जी की रामचरितमानस से जुड़ी दो अद्भुत कथाओं का वर्णन किया गया है. बामा खेपा मां तारा के परम भक्त थे, जब उन्हें मंदिर के पुजारी पद से हटा दिया गया, तो मां तारा ने स्वयं रानी को स्वप्न में दर्शन देकर उन्हें वापस नियुक्त करने का आदेश दिया. इसके अलावा, जब बामा खेपा ने अपनी माता की तेरहवीं पर विशाल भंडारे का आयोजन किया, तो मां तारा ने वृद्ध महिला का रूप धारण कर भोजन की व्यवस्था की और बारिश से भंडारे की रक्षा की. दूसरी कथा काशी के विश्वनाथ मंदिर की है, जहां रामचरितमानस की प्रामाणिकता की परीक्षा ली गई. जब कुछ लोगों ने ग्रंथ को चुराने के लिए चोर भेजे, तो स्वयं भगवान श्रीराम और लक्ष्मण जी ने प्रकट होकर उसकी रक्षा की. अगले दिन रामचरितमानस सभी वेदों और पुराणों के ऊपर रखी मिली, जिस पर भगवान शिव के 'सत्यम शिवम सुंदरम' के हस्ताक्षर थे. यह कथाएं भगवान पर अटूट विश्वास और उनकी कृपा को दर्शाती हैं. देखिए अच्छी बात.