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Acchi Baat: मन के वायरस को दूर करेगी कथा रूपी एंटीवायरस, जानिए हनुमान जी और कबीरदास के प्रसंग का संदेश

अच्छी बात के इस एपिसोड में पंडित धीरेंद्र शास्त्री कह रहे हैं कि जीवन में कथा सुनने का अवसर बड़े पुण्यों से मिलता है. जैसे कंप्यूटर में नेटवर्क से वायरस आने पर एंटीवायरस प्रोग्राम की जरूरत होती है, वैसे ही मन में दुविधा, वासना और बुरे विचारों के वायरस को दूर करने के लिए कथा रूपी एंटीवायरस जरूरी है. हनुमान जी सदा भगवान राम से जुड़े रहे, क्योंकि वे लगातार कथा सुनते थे। परमात्मा समुद्र की तरह हैं, उनके चरणों में समय समर्पित करने पर अनंत फल प्राप्त होता है. कबीरदास जी के दोहे के माध्यम से बताया गया कि एक ही परमात्मा की शरण में रहने से दर-दर नहीं भटकना पड़ता. अहमता का त्याग कर भक्ति भाव से जीना चाहिए. हनुमान जी ने लंका दहन का श्रेय स्वयं न लेकर प्रभु राम के प्रताप, सीता जी के संताप, रावण के पाप, ब्राह्मणों के श्राप और पवन देव को दिया. जीवन में सब कुछ ईश्वर की इच्छा से होता है, यही भक्ति का सच्चा मार्ग है. देखिए अच्छी बात.