scorecardresearch

Acchi Baat: वृंदावन की लक्ष्मी को मिले बांके बिहारी के दर्शन, भक्ति और आस्था की कथा..देखिए अच्छी बात

अच्छी बात के इस एपिसोड में वृंदावन के पास एक गरीब लड़की लक्ष्मी की कथा सुनाई गई है. आठ साल की उम्र में भागवत कथा सुनकर लक्ष्मी ने बाल मुकुंद की मूर्ति को अपना भाई मानकर सेवा शुरू की. सौतेली मां के अत्याचारों के बावजूद उसने भगवान की भक्ति जारी रखी. विवाह के बाद जब वह पहली बार वृंदावन आई तो यमुना किनारे एक बालक ने उसका घूंघट उठाया, बाद में बांके बिहारी मंदिर में उसे पता चला कि वही बालक साक्षात बांके बिहारी जी थे. प्रवचन में हनुमान जी, राम जी और पांडुरंग विट्ठल की भक्ति का भी उल्लेख है. देखिए अच्छी बात.