Dearness Allowance: सरकारी कर्मचारी और पेंशनर्स जुलाई 2026 से लागू होने वाले महंगाई भत्ते यानी डीए में बढ़ोतरी (DA Hike 2026) का बेसब्री से इंतजार कर रहे हैं. अभी तक केंद्र सरकार ने डीए बढ़ोतरी का ऐलान नहीं किया है. केंद्रीय कर्मचारी आस लगाए बैठे हैं कि शायद मोदी सरकार रक्षाबंधन के आसपास डीए बढ़ोतरी का ऐलान कर दे. यदि सरकार रक्षाबंधन तक DA बढ़ाने का ऐलान नहीं करती है तो फिर कर्मचारियों को सितंबर माह के आखिर तक या दिवाली तक इंतजार करना पड़ सकता है. आपको मालूम हो कि अमूमन केंद्र सरकार जुलाई से लागू होने वाले महंगाई भत्ते का ऐलान सितंबर या अक्टूबर में करती है. डीए में बढ़ोतरी जुलाई 2026 से लागू होने पर कर्मचारियों और पेंशनर्स को एरियर भी मिल सकता है. इस तरह से त्योहारी सीजन में सैलरी बढ़कर आने की पूरी संभावना है. हम आज आपको बता रहे हैं कि आखिर क्या होता है महंगाई भत्ता, सरकार कैसे डीए का कैलकुलेशन करती है और जुलाई 2026 से लागू होने वाले महंगाई भत्ते की घोषणा होने पर बेसिक सैलरी कितनी बढ़ेगी?
क्या होता है महंगाई भत्ता
सरकार अपने कर्मचारियों और पेंशनर्स को बढ़ती महंगाई से राहत देने के लिए बेसिक सैलरी के अलावा महंगाई भत्ता यानी डीए देने का हर साल ऐलान करती है. महंगाई भत्ता बेसिक सैलरी का अहम हिस्सा होता है. इसमें सरकार साल में दो बार बढ़ोतरी करती है. आपको मालूम हो कि आमतौर पर डीए जनवरी और जुलाई से लागू होता है. हालांकि इसकी घोषणा कुछ महीने बाद की जाती है. डीए बढ़ोतरी कर्मचारियों की इनकम बढ़ाने में अहम भूमिका निभाती है.
अभी कितना मिल रहा है महंगाई भत्ता
अभी केंद्र सरकार के कर्मचारियों को 60% महंगाई भत्ता मिल रहा है. केंद्र सरकार ने जनवरी 2026 में DA में 2% की बढ़ोतरी की थी. अब जुलाई 2026 से अगली बढ़ोतरी होनी बाकी है. आपको मालूम हो कि केंद्रीय कर्मचारियों के साथ बढ़े हुए महंगाई भत्ते का फायदा पेंशनर्स को भी मिलता है. DA के समान ही पेंशनर्स को दिया जाने वाला DR भी उसी क्रम में बढ़ता है. DR में बढ़ोतरी का फायदा भी तभी से लागू होता है, जब कर्मचारियों के लिए महंगाई भत्ता लागू होता है.
महंगाई भत्ता की कैलकुलेशन का फॉर्मूला क्या
केंद्र सरकार के कर्मचारियों का महंगाई भत्ता औद्योगिक श्रमिकों के उपभोक्ता मूल्य सूचकांक (AICPI-IW) से तय होता है. डीए की गणना के लिए फॉर्मूला तय है. यह इस प्रकार है. DA% = [(पिछले 12 महीनों का औसत AICPI IW – 261.42) / 261.42] × 100. आपको मालूम हो कि वर्तमान में CPI IW के लिए नया आधार वर्ष 2016 चल रहा है, लेकिन DA का फॉर्मूला 2001 के आधार वर्ष के अनुसार तय किया गया है. ऐसे में 2016 के आंकड़ों को 2001 के आधार में बदलने के लिए इसे 2.88 के फैक्टर से गुणा किया जाता है. लेबर ब्यूरो के डेटा के अनुसार यह 2.88 का आंकड़ा तय किया गया है. आपको मालूम हो कि DA को रिटेल यानी खुदरा महंगाई के आधार पर तय किया जाता है. खुदरा महंगाई उसे कहते हैं कि जो हम और आप किसी समान को खरीदने के बाद पेमेंट करते हैं.
...तो महंगाई भत्ता 60% से बढ़कर होगा 63%
जून 2026 में ऑल इंडिया कंज्यूमर प्राइस इंडेक्स-इंडस्ट्रियल वर्कर्स (AICPI-IW) इंडेक्स 151.9 रहा, जबकि 12 महीने का औसत 148.65 पहुंच गया है. इसके आधार पर DA कैलकुलेशन करीब 63.76% बन रहा है, जिसे राउंड ऑफ करने पर 63% माना जा सकता है. ऐसे में अनुमान है कि सरकार महंगाई भत्ते में 3% की बढ़ोतरी कर सकती है. यदि ऐसा होता है तो केंद्रीय कर्मचारी का डीए मौजूदा 60% से बढ़कर 63% हो जाएगा. हालांकि महंगाई भत्ता में बढ़ोतरी को लेकर अंतिम फैसला सरकार की मंजूरी के बाद ही होगा.
कितनी बढ़ जाएगी सैलरी
यदि सरकार डीए में 3 प्रतिशत की बढ़ोतरी को मंजूरी देती है तो कर्मचारियों की मासिक सैलरी में इजाफा होगा. लेवल-1 के कर्मचारी, जिनकी न्यूनतम बेसिक सैलरी 18000 रुपए है, उन्हें हर महीने 540 रुपए अतिरिक्त डीए मिलेगा. लेवल-10 के कर्मचारी, जिनकी न्यूनतम बेसिक सैलरी 56100 रुपए है, उन्हें हर माह करीब 1683 रुपए महंगाई भत्ता मिलेगा. इतना ही नहीं, यदि बढ़ा हुआ महंगाई भत्ता पिछली तारीख से लागू किया जाता है तो कर्मचारियों को एरियर भी मिलेगा. अलग-अलग वेतन स्तर के हिसाब से 6 महीने एरियर 3240 रुपए से ₹10098 तक हो सकता है. इस तरह से बेसिक सैलरी जितनी ज्यादा होगी, डीए बढ़ने पर हर महीने फायदा भी उतना ही अधिक मिलेगा. आपको मालूम हो कि डीए बढ़ने का लाभ सिर्फ इन-हैंड सैलरी में नहीं मिलता बल्कि महंगाई भत्ते में बढ़ोतरी का असर कर्मचारियों के पीएफ, पेंशन, ग्रेच्युटी जैसे दूसरे अलायंस पर भी पड़ता है. आपको मालूम हो कि जब तक आठवें वेतन आयोग की सिफारिशें लागू नहीं होतीं, तब तक केंद्रीय कर्मचारियों को 7वें वेतन आयोग के तहत ही महंगाई भत्ता मिलता रहेगा. ऐसे में जुलाई 2026 में महंगाई भत्ते में बढ़ोतरी भी 7वें वेतन आयोग के अनुसार ही होगी.