आरएसएस के 100 साल पूरे होने पर मुंबई में आयोजित एक खास कार्यक्रम में बॉलीवुड की दिग्गज हस्तियां जुटीं. इसमें बॉलीवुड सिंगर अदनान सामी ने भी शिरकत की. अदनान सामी ने इस कार्यक्रम में मोहन भागवत के साथ मुलाकात की तस्वीरें सोशल मीडिया पर पोस्ट की. ये तस्वीरें सोशल मीडिया पर वायरल हो रही हैं. इसकी खूब चर्चा हो रही है. अदनान सामी की भी खूब चर्चा हो रही है. उनके पाकिस्तान कनेक्शन पर बात हो रही है. चलिए आपको बताते हैं अदनान सामी का पाकिस्तान से क्या कनेक्शन है और उनके पिता ने साल 1965 के भारत-पाक युद्ध में क्या भूमिका निभाई थी.
फैमिली का 1965 युद्ध से क्या था कनेक्शन?
सिंगर अदनान सामी के पिता अरशद सामी पाकिस्तानी एयरफोर्स के पायलट थे. वो 1965 के भारत-पाक युद्ध के दौरान पाकिस्तानी एयरफोर्स में थे. बाद में वो डिप्लोमेट बने. उन्होंने भारत के साथ युद्ध में अधिकतम युद्धक अभियानों में हिस्सा लिया था. एनबीटी की एक रिपोर्ट के मुताबिक पाकिस्तान एयरफोर्स की म्यूजियम की आधिकारिक वेबसाइट के मुताबिक भारत के साथ युद्ध में अरशद सामी को एक एयरक्राफ्ट, 15 टैंक, 2 हेवी उच्छ क्षमता की बंदूकों और 22 वाहनों को नष्ट किए थे. इसके अलावा उन्होंने 8 टैंकों और 19 वाहनों को क्षतिग्रस्त किया था.
1965 युद्ध में अदम्य साहस के लिए फिल्ड मार्शल अयूब खान ने अदनान सामी के पिता अरशद सामी को सितारा-ए-जुरात से नवाजा था. यह पाकिस्तान का तीसरा सबसे बड़ा वीरता पुरस्कार है.
बाद में अरशद सामी डिप्लोमेट भी बने. साल 2008 में उनकी किताब 'थ्री प्रेजिडेंट्स ऐंड एन ऐड: लाइफ, पावर ऐंड पॉलिटिक्स' आई. इसमें उन्होंने अपने जीवन के कई किस्सों का जिक्र किया. इस किताब में दावा किया गया कि उन्होंने 1965 के युद्ध के दौरान पाकिस्तान की तरफ से सबसे लंबे वक्त तक उड़ान भरी. उन्होंने 61 घंटे 15 मिनट तक उड़ाने भरने का दावा किया. साल 2009 में अरशद सामी की मौत हो गई थी.
अदनान सामी को कब मिली थी नागरिकता?
बॉलीवुड सिंगर अदनान सामी की नागरिकता का प्रोसेस साल 2001 से चल रहा था. इस प्रोसेस को पूरा होने में काफी वक्त लग गया. एक जनवरी 2016 को अदनान सामी को भारत की नागरिकता मिली. नागरिकता के अनुरोध को दो बार रिजेक्ट कर दिया गया था. लेकिन बाद में भारत सरकार ने मानवीय आधार पर उनकी नागरिकता के अनुरोध को स्वीकार कर लिया था.
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