बहरोड़ जिले के विराटनगर क्षेत्र के ढाणी गैसकान गांव में एक शादी समारोह उस समय अफरा-तफरी मच गई. जब एक शादी समारोह में रसमलाई खाने के बाद करीब 105 ग्रामीण और बच्चे फूड पॉइजनिंग का शिकार हो गए. लोग खुशी के माहौल को छोड़ बीमार बच्चों और परिजनों को संभालने में जुट गए.शादी की खुशियां कुछ मिनटों में फीकी पड़ गई. चलिए आपको बताते हैं पूरा मामला क्या है.
दरअसल, शादी समारोह में मेहमानों को मिठाई के रूप में रसमलाई परोसी गई थी. मिठाई खाने के कुछ समय बाद ही बच्चों और बड़ों को उल्टी, पेट दर्द और घबराहट की शिकायत होने लगी. देखते ही देखते कई लोगों की तबीयत बिगड़ गई. हालत खराब होने पर परिजन तुरंत बीमार लोगों को विराटनगर क्षेत्र के सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र आतेला लेकर पहुंचे, जहां एक साथ बड़ी संख्या में मरीजों के पहुंचने से अस्पताल में भी अफरा-तफरी का माहौल बन गया. चिकित्सकों की टीम ने सभी मरीजों का तुरंत उपचार शुरू किया. इस दौरान कुछ लोग अपने परिजनों को निजी अस्पतालों में भी लेकर पहुंचे. प्राथमिक जांच में मामला फूड पॉइजनिंग का सामने आया. अस्पताल प्रशासन के अनुसार 105 लोगों को उपचार के लिए लाया गया था, जिनमें बच्चों की संख्या अधिक थी. इनमें से 16 बच्चों और 14 वयस्कों की हालत को देखते हुए उन्हें बेहतर इलाज के लिए शाहपुरा सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र रेफर किया गया. बाकी मरीजों का मौके पर इलाज कर उनकी हालत में सुधार होने पर छुट्टी दे दी गई.
घटना की सूचना मिलते ही विराटनगर उपखंड अधिकारी कपिल कुमार उपाध्याय, बीसीएमएच सुनील मीणा सहित प्रशासनिक अधिकारी अस्पताल पहुंचे और मरीजों की स्थिति की जानकारी ली. प्रशासन ने चिकित्सा विभाग को तत्काल बेहतर उपचार व्यवस्था करने के निर्देश दिए. उपखंड अधिकारी कपिल कुमार उपाध्याय ने बताया कि शादी समारोह में मिठाई खाने के बाद करीब 105 लोग फूड पॉइजनिंग की चपेट में आ गए थे. चिकित्सकों की तत्परता से समय पर इलाज मिलने के कारण सभी मरीजों की हालत में सुधार है. उन्होंने बताया कि खाद्य सुरक्षा विभाग कोटपूतली की टीम ने मौके पर पहुंचकर रसमलाई और अन्य खाद्य सामग्री के सैंपल लिए हैं, जिन्हें जांच के लिए लैब भेजा गया है. जांच रिपोर्ट आने के बाद ही फूड पॉइजनिंग के वास्तविक कारणों का पता चल सकेगा. दूसरी तरफ शादी समारोह में हुई इस घटना के बाद गांव में चिंता और दहशत का माहौल बना रहा.
रिपोर्टर: हिमांशु शर्मा
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