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मिडिल ईस्ट में फंसे भारतीय, बोले- काम की तलाश में आए थे...अब बंकर में छिपने को मजबूर हैं, MEA ने जारी किए हेल्पलाइन नंबर

दुबई में काम कर रहे एक भारतीय ने इंस्टाग्राम पर वीडियो जारी कर कहा, 'मैं यहां रोजगार के लिए आया था, लेकिन अब शेल्टर ढूंढ रहा हूं. मोदी जी और भारत सरकार से निवेदन है कि हमें यहां से निकाला जाए.'

Indians in Gulf plead for help
gnttv.com
  • नई दिल्ली,
  • 02 मार्च 2026,
  • अपडेटेड 4:41 PM IST
  • काम की तलाश में आया था, अब बम शेल्टर में हूं
  • 2000 से ज्यादा कश्मीरी छात्र ईरान में

अमेरिका और इजराइल की ओर से ईरान पर किए गए हमलों के बाद पूरा मिडिल ईस्ट में टेंशन बढ़ गई है. कई देशों ने एहतियातन अपना एयरस्पेस बंद कर दिया है. इसके चलते हजारों भारतीय अलग-अलग देशों में फंसे हुए हैं. सोशल मीडिया पर लगातार मदद की अपील के वीडियोज सामने आ रहे हैं.

विदेश मंत्रालय ने प्रभावित देशों में रह रहे भारतीयों के लिए इमरजेंसी हेल्पलाइन नंबर जारी किए हैं. इन नंबरों पर मेडिकल इमरजेंसी, सुरक्षा से जुड़ी जानकारी ली जा सकती है.

काम की तलाश में आया था, अब बम शेल्टर में हूं
दुबई में काम कर रहे एक भारतीय ने इंस्टाग्राम पर वीडियो जारी कर कहा, 'मैं यहां रोजगार के लिए आया था, लेकिन अब शेल्टर ढूंढ रहा हूं. मोदी जी और भारत सरकार से निवेदन है कि हमें यहां से निकाला जाए.'

दुबई और अबू धाबी में भी कई भारतीय पर्यटक फंसे हुए हैं. वहीं खाड़ी देशों में पढ़ रहे एमबीए और मेडिकल छात्र भी सोशल मीडिया के जरिए मदद मांग रहे हैं. आपको बता दें, मिडिल ईस्ट में 90 लाख से ज्यादा भारतीय रहते हैं. इनमें बड़ी संख्या उन कामगारों की है, जो रोजी-रोटी की तलाश में खाड़ी देशों में बसे हैं.

सायरन और मिसाइलों के बीच दहशत
दुबई तक में मिसाइल हमलों की खबरों ने प्रवासियों में डर का माहौल पैदा कर दिया है. बहरीन, इराक, जॉर्डन, कुवैत, ओमान, कतर, सऊदी अरब और यूएई सहित कई देशों में सायरन बजने की सूचनाएं हैं.

ईरान की राजधानी तेहरान में पढ़ रहे भारतीय छात्रों ने भावुक वीडियो जारी किए हैं. एक छात्रा ने कहा, 'मैं तेहरान में हूं. यहां हालात बेहद डरावने हैं. एयर स्ट्राइक हो रही है. हमें नहीं पता अगला पल क्या होगा. हम भारत सरकार और विदेश मंत्रालय से अनुरोध करते हैं कि जल्द हमारी निकासी की व्यवस्था की जाए.'

2000 से ज्यादा कश्मीरी छात्र ईरान में
ईरान में कम से कम 2000 कश्मीरी छात्र पढ़ाई कर रहे हैं, जिनमें अधिकतर मेडिकल छात्र हैं. जम्मू-कश्मीर स्टूडेंट्स एसोसिएशन ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को पत्र लिखकर राजनयिक हस्तक्षेप और शीघ्र निकासी की मांग की है.

MEA ने जारी किए हेल्पलाइन नंबर

  • रामल्ला (फिलिस्तीन): +970592916418 | Email: repoffice@mea.gov.in

  • दोहा (कतर): 00974-55647502 | Email: cons.doha@mea.gov.in

  • रियाद (सऊदी अरब): 00-966-11-4884697 | WhatsApp: 00-966-542126748 | Toll Free: 800 247 1234

  • तेल अवीव (इजराइल): +972-54-7520711 / +972-54-2428378

  • तेहरान (ईरान): +989128109115 / +989128109109 / +989128109102 / +989932179359

  • अबू धाबी (यूएई): Toll Free: 800-46342 | WhatsApp: +971543090571

  • कुवैत: +96565501946

  • बहरीन: 00973-39418071

  • मस्कट (ओमान): 80071234 | WhatsApp: +96898282270

  • जॉर्डन: 00962-770422276

  • बगदाद (इराक): +9647716511185 / +9647704444899

भारत की अपील- संयम बरतें, नागरिकों की सुरक्षा प्राथमिकता
विदेश मंत्रालय ने बयान जारी कर कहा है कि भारत ईरान और खाड़ी क्षेत्र में हालिया घटनाक्रम को लेकर गहरी चिंता व्यक्त करता है. सभी पक्षों से संयम बरतने, तनाव न बढ़ाने और आम नागरिकों की सुरक्षा को प्राथमिकता देने की अपील की गई है.

 

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