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Meerut News: जज का फैसला सुन, निकल पड़े साहिल और मुस्काल के आंसू... कई दिन से लगी थी पूजा-पाठ में, आरोपी युवक भी था चुप... पीड़ित के परिवार ने की फांसी की मांग

मेरठ के 'नीले ड्रम' हत्याकांड को शायद ही कोई भूल पाया हो. अब इस मामले में जज ने दोनो आरोपियों के खिलाफ फैसला सुना दिया है. जिसको सुनने के दोनों के आंसू निकल पड़े.

Saahil and Muskan, accused in Saurabh murder case (Photo- ITG)
उस्मान चौधरी
  • मेरठ,
  • 01 अक्टूबर 2026,
  • अपडेटेड 12:35 PM IST

मेरठ के चर्चित 'नीला ड्रम' सौरभ हत्याकांड में बुधवार को जिला अदालत ने मृतक की पत्नी मुस्कान रस्तोगी और उसके प्रेमी साहिल को हत्या का दोषी करार दिया. जिला कारागार से वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए शाम करीब 4:45 बजे दोनों की पेशी हुई. जज द्वारा दोषी ठहराए जाने की जानकारी मिलते ही मुस्कान और साहिल रोने लगे. जेलकर्मियों ने दोनों को शांत कराने का प्रयास किया, लेकिन वे काफी देर तक रोते रहे. बाद में दोनों को रोते हुए बैरक में ले जाया गया.

आरोपियों को मिले फांसी - परिजन

मुस्कान दुपट्टे से बार-बार अपने आंसू पोंछती रही, जबकि साहिल हाथों से आंसू पोंछते हुए बैरक लौटा. फैसले से पहले दोनों के व्यवहार में भी बदलाव दिखाई दे रहा था. मुस्कान पिछले तीन दिनों से अधिक समय पूजा-पाठ में लगा रही थी. बुधवार को दोनों ने सामान्य दिनों की अपेक्षा कम खाना खाया.

दोषसिद्धि के दौरान मृतक सौरभ की मां रेनू देवी, भाई बबलू, ताई और बुआ कुसुम समेत अन्य परिजन अदालत में मौजूद रहे. अदालत के फैसले के बाद परिजनों ने राहत जताई. उन्होंने दोनों आरोपियों के लिए फांसी की मांग की.

मुस्कान कर रही थी पूजा-पाठ, साहिल रह रहा था चुप

वरिष्ठ जेल अधीक्षक डॉ. वीरेश राज शर्मा के अनुसार, मुस्कान और साहिल जेल में पहले सामान्य तरीके से रह रहे थे, लेकिन फैसले की तारीख नजदीक आने के साथ उनके व्यवहार में बदलाव दिखाई दिया. मुस्कान अधिक समय पूजा-पाठ में बिताने लगी थी और भगवान शिव की पूजा करती थी. वहीं साहिल दूसरे बंदियों से ज्यादा बातचीत नहीं करता था. हत्याकांड को लेकर पूछे जाने वाले सवालों से बचने के लिए वह चुप रहता और अपने काम में लगा रहता था.

कोई परिजन नहीं आया मुस्कान से मिलने जेल

जेल अधिकारियों के मुताबिक मुस्कान ने अपने माता-पिता और बड़ी बेटी से मिलने की इच्छा जताई थी. अधिकारियों ने बताया कि यदि उसके माता-पिता जेल में मिलने आते हैं तो नियमानुसार उसे उनसे मिलवाया जाएगा. किसी परिजन को विशेष रूप से घर से बुलाकर मुलाकात नहीं कराई जाती. अधिकारियों के अनुसार, अब तक मुस्कान से मिलने के लिए उसका कोई पारिवारिक सदस्य जेल नहीं आया है.

बेहरमी की पार की थी हद

ब्रह्मपुरी थाना क्षेत्र के इस चर्चित मामले में आरोप था कि मुस्कान ने अपने प्रेमी साहिल के साथ मिलकर पति सौरभ की हत्या की. आरोप के मुताबिक हत्या के बाद शव के टुकड़े किए गए और उन्हें नीले ड्रम में भरकर सीमेंट से पैक कर दिया गया. पुलिस ने मामले का खुलासा करते हुए मुस्कान और साहिल को गिरफ्तार किया था. तभी से दोनों मेरठ जिला जेल में बंद हैं.

 

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