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एक महीने के बच्चे ने जीती कोरोना से जंग...कान में इंफेक्शन के बाद आया था अस्पताल

दिल्ली के एक अस्पताल में एक महीने का बच्चा कोविड-19 से पूरी तरह ठीक हो गया है. दिल्ली के मूलचंद अस्पताल में एक बच्चा कान में संक्रमण होने की वजह से आया था. भर्ती करने से पहले डॉक्टरों ने उसका कोविड टेस्ट किया, जिसमें वो पॉजिटिव आया. हालांकि अब बच्चा उससे रिकवर हो चुका है और पूरी तरह से स्वस्थ होकर घर लौट चुका है.

One month old baby recovered from Corona
gnttv.com
  • नई दिल्ली,
  • 15 जनवरी 2022,
  • अपडेटेड 5:36 PM IST
  • कान में इंफेक्शन के बाद आया था अस्पताल
  • रिकवर होकर घर लौट चुका है बच्चा

दिल्ली के एक अस्पताल में एक महीने का बच्चा कोविड-19 से पूरी तरह ठीक हो गया है. दिल्ली के मूलचंद अस्पताल में एक बच्चा कान में संक्रमण होने की वजह से आया था. भर्ती करने से पहले डॉक्टरों ने उसका कोविड टेस्ट किया, जिसमें वो पॉजिटिव आया. हालांकि अब बच्चा उससे रिकवर हो चुका है और पूरी तरह से स्वस्थ होकर घर लौट चुका है. अस्पताल ने एक ट्वीट के जरिए जानकारी दी कि बच्चे को पूरी तरह स्वस्थ होने के साथ छुट्टी दे दी गई है.

अस्पताल ने ट्वीट के जरिए दी जानकारी
अस्पताल ने एक वीडियो भी शेयर किया है, जिसमें एक फ्रंटलाइन हेल्थ वर्कर बच्चे को संभालते देखा जा सकता है. वीडियो में हेल्थ वर्कर पीपीई किट पहने कोविड यूनिट के बाहर बच्चे को गोद में लिये उसे बहलाने की कोशिश कर रहा है. ट्वीट में लिखा था छोटा  बच्चा कान में इंफेक्शन होने के कारण अस्पताल आया था और पॉजिटिव पाया गया था. पूरी तरह से स्वस्थ होने के बाद उसे डिस्चार्ज किया जा रहा है. कोविड -19 आइसोलेशन यूनिट में नियोनेटोलॉजिस्ट और एनआईसीयू स्टाफ द्वारा बच्चे की अच्छी तरह से देखभाल की गई.”

कोरोना की तीसरी लहर के दौरान बच्चे सबसे ज्यादा प्रभावित हुए हैं. इसका एक प्रमुख कारण यह भी है कि अधिकांश लोगों का अभी तक टीकाकरण नहीं हुआ है.

तीन करोड़ लोगों को मिली वैक्सीन
सरकार ने इस महीने की शुरुआत में 15-18 आयु वर्ग के बच्चों के लिए टीकाकरण प्रक्रिया शुरू की है. स्वास्थ्य मंत्री मनसुख मंडाविया ने 13 जनवरी को एक ट्वीट में कहा कि 3 करोड़ से अधिक योग्य युवाओं को कोविड-19 वैक्सीन की पहली खुराक मिल चुकी है. उन्होंने अधिक से अधिक योग्य लोगों से जल्द से जल्द टीकाकरण कराने का आग्रह किया है. सर्दी के मौसम में ज्यादातर बच्चे बुखार, गले में खराश, नाक बहना और खांसी से पीड़ित होते हैं. स्वास्थ्य विशेषज्ञों का कहना है कि इन लक्षणों का समय पर पता लगाना भी महत्वपूर्ण है कि ये कोविड -19 या सिर्फ मौसमी फ्लू के कारण हैं. यदि लक्षण बने रहते हैं, तो लोगों को तुरंत डॉक्टर से परामर्श लेना चाहिए और चिकित्सा सहायता लेनी चाहिए. 

समाचार एजेंसी पीटीआई की एक रिपोर्ट के अनुसार, दिल्ली में कोविड-19 के कारण 10 से 14 जनवरी के बीच चार दिनों में एक साल से कम उम्र के तीन बच्चों की मौत हो गई थी.


 

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