बेंगलुरु कपल का मंथली एक्सपेंस ब्रेकअप.. मां-बाप-बेटी और एक डॉग, महीने का खर्च हुआ 1.5 लाख पार

बेंगलुरु की एक फैमिली ने इंस्टाग्राम पर एक पोस्ट जारी कर अपना मंथली एक्सपेंस बताया जो 1.66 लाख रहा. हैरत की बात है कि यह खर्च केवल दो वयस्क एक टॉडलर और एक डॉग का है.

Bengaluru Couple
gnttv.com
  • नई दिल्ली,
  • 08 जून 2026,
  • अपडेटेड 11:16 PM IST

बेंगलुरु में बढ़ती महंगाई और ऊंचे जीवनयापन खर्च को लेकर अक्सर चर्चा होती रहती है. हाल ही में एक दंपति ने सोशल मीडिया पर अपने परिवार का मासिक खर्च साझा किया, जिसके बाद लोगों के बीच शहर में रहने की वास्तविक लागत को लेकर नई बहस शुरू हो गई. इंस्टाग्राम पर पोस्ट किए गए इस वीडियो को लाखों लोग देख चुके हैं और कई यूजर्स इस खर्च को लेकर अपनी राय भी दे रहे हैं.

तीन लोगों के परिवार का मासिक खर्च

मेघा और उनके पति शुभम ने मई महीने के खर्चों का पूरा ब्योरा साझा करते हुए बताया कि उनका कुल मासिक खर्च करीब 1.66 लाख रुपए रहा. खास बात यह है कि इस राशि में निवेश और छुट्टियों पर होने वाला खर्च शामिल नहीं है, क्योंकि उसके लिए परिवार ने अलग फंड बना रखा है.

दंपति का कहना है कि वे स्वास्थ्य, फिटनेस और परिवार की जरूरतों को प्राथमिकता देते हैं, इसलिए उनके मासिक बजट का एक बड़ा हिस्सा इन्हीं चीजों पर खर्च होता है.

किराया और बिल्स ने लिया सबसे बड़ा हिस्सा

बेंगलुरु में मकान किराया लंबे समय से चर्चा का विषय रहा है. इस परिवार के लिए भी सबसे बड़ा खर्च घर का किराया और अन्य यूटिलिटी बिल्स रहे. उन्होंने बताया कि सिर्फ किराया और जरूरी सेवाओं पर लगभग 68,000 रुपए खर्च हुए, जो कुल बजट का सबसे बड़ा हिस्सा है.

फिटनेस और हेल्थ पर खुलकर खर्च

कपल ने बताया कि वे अपनी सेहत और फिटनेस को लेकर काफी सजग हैं. जिम मेंबरशिप, पर्सनल ट्रेनिंग, सप्लीमेंट्स, स्पोर्ट्स एक्टिविटीज और फिटनेस से जुड़े अन्य खर्चों पर उन्होंने करीब 31,000 रुपए खर्च किए. आजकल कई युवा प्रोफेशनल्स अपने स्वास्थ्य को प्राथमिकता दे रहे हैं और इसी वजह से इस तरह के खर्च तेजी से बढ़ रहे हैं.

घरेलू मदद और बच्चों की जरूरतें भी महंगी

परिवार ने एक नैनी, कुक और हाउस हेल्प रखी हुई है, जिन पर हर महीने लगभग 29,000 रुपए खर्च होते हैं. वहीं किराना खरीदारी पर 18,000 रुपए का खर्च आया.

इसके अलावा उनके छोटे बच्चे और पालतू कुत्ते से जुड़ी जरूरतों जैसे डायपर, खिलौने, कपड़े और पालतू जानवर के भोजन पर करीब 8,000 रुपए खर्च हुए.

मनोरंजन और रोजमर्रा की छोटी जरूरतें

खाने-पीने के लिए बाहर जाना, ऑनलाइन सब्सक्रिप्शन, शॉपिंग, मनोरंजन और ट्रांसपोर्ट जैसी अन्य जरूरतों पर परिवार ने लगभग 12,000 रुपए खर्च किए. देखने में यह रकम छोटी लग सकती है, लेकिन महीने के अंत में यह भी कुल बजट का महत्वपूर्ण हिस्सा बन जाती है.

 

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