किसी को भूतों से डर लगता है तो कोई इनपर भरोसा ही नहीं करता. चीन की 24 साल की सोशल मीडिया इन्फ्लुएंसर जियांग शियाओरू भी दूसरी तरह की थीं. वह डरावनी जगहों पर रात बिताती थीं, अंधविश्वास को चुनौती देती थीं और अपने वीडियो में पैरानॉर्मल एक्टिविटी पर सवाल उठाती थीं. लेकिन जुलाई में हुए एक भीषण सड़क हादसे में उनकी मौत हो गई. अब लोग इसे भूत-प्रेत से जोड़कर देख रहे हैं.
24 साल की इन्फ्लुएंसर, लाखों लोग देखते थे वीडियो
जियांग शियाओरू को चीन के Douyin प्लेटफॉर्म पर 姜小柔吖 नाम से जाना जाता था. उनके अकाउंट पर 12 लाख से ज्यादा फॉलोअर्स थे. उनका कंटेंट मुख्य रूप से डरावनी जगहों की खोज, पैरानॉर्मल एक्टिविटी और अंधविश्वास के खिलाफ बनाए गए वीडियो पर बेस्ड था. वह खाली इमारतों में रात बिताती थीं और उन जगहों पर जाती थीं, जिन्हें लोग भूत-प्रेत या डरावनी कहानियों से जोड़ते थे. उनका मकसद इन मान्यताओं को गलत साबित करना था.
मूर्ति तोड़ने वाले वीडियो से हुआ था विवाद
अगस्त 2025 में उनका एक वीडियो काफी विवादों में रहा था. इसमें उन्होंने हथौड़े से मिट्टी की गुआनयिन प्रतिमा तोड़ दी थी. यह बौद्ध धर्म से जुड़ी धार्मिक प्रतिमा है. वीडियो में उन्होंने अपनी जान को लेकर भी एक चुनौतीपूर्ण बात कही थी. यह सब उन्होंने अंधविश्वास के खिलाफ स्टंट के तौर पर किया था. उनके कुछ पुराने वीडियो में कर्म और श्राप जैसी मान्यताओं पर भी सवाल उठाए गए थे. मौत के बाद इन्हीं पुराने वीडियो को सोशल मीडिया यूजर्स फिर से शेयर करने लगे.
हादसे से पहले बोली थीं- कार एक्सीडेंट होगा
सबसे ज्यादा चर्चा उनके एक पुराने वीडियो को लेकर है. रिपोर्टों के मुताबिक एक वीडियो में उन्होंने धूप जलाते हुए अपनी कार के एक्सीडेंट की बात कही थी. इसके बाद 9 जुलाई को उन्होंने अपना आखिरी वीडियो पोस्ट किया. इस वीडियो में वह फैंस की ओर से सुझाए गए कुछ फोन नंबरों पर कॉल करती नजर आई थीं. इनमें एक नंबर कथित तौर पर सड़क हादसे में मारे गए व्यक्ति से जुड़ा बताया गया. कॉल कनेक्ट होने पर उन्हें सिर्फ अपनी ही आवाज की गूंज सुनाई दी. इसके कुछ ही दिन बाद उनके साथ गंभीर सड़क हादसा हो गया.
15 जुलाई को हुआ भीषण सड़क हादसा
15 जुलाई 2026 की सुबह जियांग शियाओरू लियूझोउ से गुआंगझोउ जा रही थीं. रास्ते में गुआंगडोंग के झाओकिंग इलाके में उनकी गाड़ी का एक्सीडेंट हो गया. उन्हें गंभीर सिर की चोट लगी और इसके बाद कई अंगों ने काम करना बंद कर दिया. उन्हें झोंगशान यूनिवर्सिटी सन यात-सेन मेमोरियल हॉस्पिटल के ICU में भर्ती कराया गया. करीब चार हफ्ते तक इलाज चलने के बाद 10 अगस्त को उनकी मौत हो गई. परिवार ने 11 अगस्त को उनके Douyin अकाउंट के जरिए इसकी पुष्टि की.
लोग बोले-भविष्यवाणी सच हो गई
मौत की खबर सामने आते ही सोशल मीडिया पर 'भविष्यवाणी सच हो गई' और 'कर्म का फल' जैसी बातें वायरल होने लगीं. लोगों ने उनके पुराने वीडियो निकालकर हादसे से जोड़ना शुरू कर दिया. कुछ यूजर्स ने इसे अंधविश्वास को चुनौती देने का नतीजा बताया.
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