छिलके वाले या छीले हुए बादाम, रोजाना कौन सा बादाम ज्यादा सेहतमंद, वजन घटाने के लिए क्या बेहतर?

छिलके वाले बादाम में ज्यादा एंटीऑक्सीडेंट, अधिक फाइबर, विटामिन E की बेहतर मात्रा, ब्लड शुगर कंट्रोल में मदद और पेट देर तक भरा रहता है. वहीं छीले हुए बादाम में फाइबर थोड़ा कम, दांतों की समस्या वाले लोगों के लिए अच्छे और कुछ लोगों के लिए पचाने में आसान होता है. ऐसे में कुल मिलाकर देखा जाए तो पोषण के मामले में छिलके वाले बादाम ज्यादा बेहतर होते हैं.

Peeled Almonds vs Almonds with Skin
gnttv.com
  • नई दिल्ली,
  • 01 जनवरी 2026,
  • अपडेटेड 11:07 AM IST

Peeled Almonds vs Almonds with Skin: बादाम को हमेशा से ही सेहतमंद ड्राई फ्रूट माना जाता रहा है. सुबह खाली पेट भीगे बादाम खाने की सलाह हो या वजन घटाने और दिल की सेहत की बात, बादाम हर जगह शामिल है. लेकिन अक्सर लोगों के मन में एक सवाल जरूर आता है कि बादाम छिलके के साथ खाना ज्यादा फायदेमंद है या छिलका उतारकर बादाम खाना बेहतर होता है? तो आइए, इस सवाल का जवाब आसान जानते हैं.

बादाम का छिलका क्यों खास?
बता दें, बादाम का भूरा छिलका केवल दिखने के लिए नहीं होता, बल्कि इसमें भरपूर मात्रा में एंटीऑक्सीडेंट, खासकर पॉलीफेनॉल पाए जाते हैं. पोषण विशेषज्ञों और रिसर्च के अनुसार, बादाम में मौजूद लगभग 70% एंटीऑक्सीडेंट्स इसके छिलके में ही होते हैं. ये एंटीऑक्सीडेंट्स शरीर में सूजन कम करने, कोशिकाओं को नुकसान से बचाने और उम्र बढ़ने की प्रक्रिया को धीमा करने में मदद करते हैं. ऐसे में अगर आप बादाम का छिलका उतार देते हैं, तो इसके कई जरूरी पोषक तत्व भी कम हो जाते हैं.

छिले हुए बादाम के फायदे
भारत में बहुत से लोग बादाम को रातभर पानी में भिगोकर सुबह छिलका उतारकर खाते हैं. ऐसा इसलिए क्योंकि, बादाम के छिलके में टैनिन होता है, जो कुछ लोगों में पोषक तत्वों के अवशोषण को धीमा कर सकता है. भीगे और छिले हुए बादाम नरम होते हैं, जिससे इन्हें चबाना और पचाना आसान हो जाता है. सेंसिटिव पेट वाले लोगों को इससे गैस या भारीपन कम महसूस हो सकता है. अगर आपको पेट से जुड़ी समस्या रहती है, तो छीले हुए बादाम आपके लिए बेहतर विकल्प हो सकते हैं. लेकिन जिन लोगों को पाचन से जुड़ी कोई परेशानी नहीं होती, उनके लिए छिलके वाले बादाम ज्यादा फायदेमंद माने जाते हैं.

पोषण के लिहाज से क्या ज्यादा बेहतर?
छिलके वाले बादाम में ज्यादा एंटीऑक्सीडेंट, अधिक फाइबर, विटामिन E की बेहतर मात्रा, ब्लड शुगर कंट्रोल में मदद और पेट देर तक भरा रहता है. वहीं छीले हुए बादाम में फाइबर थोड़ा कम, दांतों की समस्या वाले लोगों के लिए अच्छे और कुछ लोगों के लिए पचाने में आसान होता है. ऐसे में कुल मिलाकर देखा जाए तो पोषण के मामले में छिलके वाले बादाम ज्यादा बेहतर होते हैं.

वजन घटाने के लिए छिलके वाले बादाम ज्यादा फायदेमंद हैं क्योंकि इसमें मौजूद फाइबर भूख को कंट्रोल करता है. त्वचा की चमक के लिए दोनों ही अच्छे हैं, क्योंकि बादाम में विटामिन E भरपूर होता है. हालांकि स्मूदी या बादाम दूध में छिले हुए बादाम ज्यादा आसानी से इस्तेमाल किए जा सकते हैं. दिल की सेहत के लिए दोनों प्रकार के बादाम लाभकारी हैं, लेकिन छिलके वाले बादाम दिल को अतिरिक्त एंटीऑक्सीडेंट सुरक्षा देते हैं. 

ये भी पढ़ें: 

 

Read more!

RECOMMENDED