सोने के गहने पहनने का शौक केवल महिलाएं ही नहीं बल्कि पुरुष भी रखते हैं. लेकिन जब बात रोजाना पहनने वाले गहनों की आती है, तो सबसे बड़ा सवाल यह होता है कि 14 कैरेट या 18 कैरेट, कौन सा सोना ज्यादा बेहतर रहेगा. यह सवाल इसलिए भी जरूरी हो जाता है क्योंकि यह सोना किसी इंवेस्टमेंट पर्पस से नहीं बल्कि शौक पूरा करने के लिए होता है. ऐसे में गोल्ड का कैरेट काफी मायने रखता है.
जब आप किसी गहने पर 14K या 18K लिखा देखते हैं, तो यह उसकी प्योरिटी को दर्शाता है. ‘कैरेट’ दरअसल यह बताता है कि उस गहने में कितना प्रतिशत प्योर सोना मौजूद है. कैरेट जितना ज्यादा होगा, सोना उतना ही प्योर माना जाएगा. इसलिए खरीदारी से पहले इस बेसिक जानकारी को समझना बेहद जरूरी है.
क्यों नहीं पहना जाता 24 कैरेट गोल्ड
24 कैरेट सोना लगभग पूरी तरह प्योर होता है, लेकिन यह बहुत नरम भी होता है. इसकी यही खासियत की वजह से इसे रोज के पहनने के लिए इस्तेमाल नहीं करने देती. अगर 24 कैरेट सोने के गहने रोजमर्रा पहने जाएं, तो वे जल्दी मुड़ सकते हैं, खरोंच आ सकती है या उनका आकार बिगड़ सकता है.
कैसे बनता है सोना मजबूत
सोने को मजबूत और टिकाऊ बनाने के लिए उसमें तांबा, चांदी जैसी अन्य मेटल मिलाया जाता है. ऐसा करने से गोल्ड मजबूत बन जाता है, जिससे उसे रोज पहना जा सकता है, लेकिन उसकी प्योरिटी कम हो जाती है.
14 कैरेट और 18 कैरेट में अंतर
18 कैरेट सोने में लगभग 75 प्रतिशत सोना होता है, जबकि बाकी 25 प्रतिशत अन्य मेटल होता है. यह गहनों को बेहतर फिनिश और चमक देता है, इसलिए इसे खास मौकों या स्टाइलिश ज्वेलरी के लिए पसंद किया जाता है. वहीं, 14 कैरेट सोने में करीब 58.3 प्रतिशत सोना होता है, लेकिन यह ज्यादा मजबूत और टिकाऊ होता है, जिससे यह रोजाना पहनने के लिए बेहतर विकल्प बन जाता है.
डेली वियर के लिए कौन सा सोना चुनें
अगर आप ऐसे गहने चाहते हैं जिन्हें आप रोज पहन सकें, तो 14 कैरेट सोना ज्यादा सही रहेगा क्योंकि यह मजबूत और लंबे समय तक चलने वाला होता है. वहीं, अगर आप खास अवसरों के लिए कुछ ज्यादा चमकदार गहने चाहते हैं, तो 18 कैरेट सोना बेहतर विकल्प साबित हो सकता है.