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अयोध्या की पावन मिट्टी से बंगाल में बनेगा भव्य राम मंदिर, नदिया के शांतिपुर में शुरू हुई तैयारी

प्रस्तावित राम मंदिर पश्चिम बंगाल के नदिया जिले के शांतिपुर के चपातला क्षेत्र में 15 बीघा से अधिक भूमि पर बनाया जाएगा. मंदिर परिसर को इस तरह विकसित करने की योजना है कि यह केवल पूजा का स्थान न होकर धार्मिक और सांस्कृतिक गतिविधियों का प्रमुख केंद्र भी बने.

Ram Mandir
gnttv.com
  • अयोध्या ,
  • 27 फरवरी 2026,
  • अपडेटेड 8:28 AM IST

रामभक्ति की अलौकिक आस्था अब उत्तर प्रदेश की पावन नगरी अयोध्या से निकलकर पश्चिम बंगाल की धरती पर एक नए रूप में साकार होने जा रही है. अयोध्या से लाई गई पवित्र मिट्टी से नदिया जिले के शांतिपुर क्षेत्र में एक भव्य राम मंदिर के निर्माण की तैयारी शुरू हो गई है. यह मंदिर आस्था, संस्कृति और सनातन परंपरा का नया केंद्र बनने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है.

प्रस्तावित राम मंदिर पश्चिम बंगाल के नदिया जिले के शांतिपुर के चपातला क्षेत्र में 15 बीघा से अधिक भूमि पर बनाया जाएगा. मंदिर परिसर को इस तरह विकसित करने की योजना है कि यह केवल पूजा का स्थान न होकर धार्मिक और सांस्कृतिक गतिविधियों का प्रमुख केंद्र भी बने. यहां रामकथा, भजन, सत्संग और धार्मिक आयोजनों का नियमित आयोजन करने की योजना है.

अयोध्या से लाई गई पवित्र मिट्टी
इस परियोजना के प्रमुख सूत्रधार पूर्व विधायक अरिंदम भट्टाचार्य हाल ही में अयोध्या पहुंचे और वहां से राम मंदिर की पावन मिट्टी ग्रहण की. उन्होंने बताया कि इसी मिट्टी को चपातला ले जाकर श्रद्धालुओं के सहयोग से रामलला की स्थापना की जाएगी. उनका कहना है कि इससे अयोध्या और बंगाल के बीच आस्था का एक मजबूत और भावनात्मक संबंध स्थापित होगा.

ट्रस्ट के साथ बनी निर्माण की रूपरेखा
अयोध्या प्रवास के दौरान अरिंदम भट्टाचार्य ने अपने ट्रस्ट के सदस्य गोपाल राव से मुलाकात कर मंदिर निर्माण की विस्तृत योजना पर चर्चा की। प्रस्तावित मंदिर को भक्ति, संस्कृति और सनातन मूल्यों का जीवंत केंद्र बनाने पर विशेष जोर दिया गया है.

सामाजिक-सांस्कृतिक महत्व
यह पहल ऐसे समय में सामने आई है जब पश्चिम बंगाल में धार्मिक और सांस्कृतिक विषयों पर चर्चा तेज है. समर्थकों का मानना है कि अयोध्या की पावन मिट्टी से बनने वाला यह मंदिर राज्य में सांस्कृतिक जागरण और सामाजिक सद्भाव को नई दिशा देगा. उनके अनुसार, यह स्थल श्रद्धा, शांति और एकता का प्रतीक बनकर लोगों को जोड़ने का काम करेगा.

रिपोर्टर: मयंक शुक्ला

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