नई दिल्ली में आयोजित इंडिया टुडे कॉन्क्लेव 2026 में बातचीत के दौरान सैमसन ने अभिषेक शर्मा के साथ अपनी ऑन फील्ड और ऑफ फील्ड केमिस्ट्री के बारे में खुलकर बात की. भारतीय बल्लेबाज संजू सैमसन ने अभिषेक शर्मा के साथ अपनी साझेदारी को एक बेहर मजेदार अंदाज में बयान किया है. उन्होंने कहा कि उनकी जोड़ी 'आइस और फायर' जैसी नहीं है, बल्कि 'फायर और फायर' की तरह है. स्टेडियम के अंदर भी और बाहर भी दोनों फायर हैं. भले समय के हिसाब से आइस और फायर हो जाते हैं.
टी20 वर्ल्ड कप फाइनल में शानदार शुरुआत
संजू सैमसन और अभिषेक शर्मा की ओपनिंग जोड़ी ने टी20 वर्ल्ड कप 2026 के फाइनल में टीम इंडिया को शानदार शुरुआत दिलाई. अभिषेक शर्मा ने कई रिकार्ड भी बनाए. न्यूजीलैंड के खिलाफ खेले गए इस मुकाबले में दोनों बल्लेबाजों ने पहले विकेट के लिए 98 रन की साझेदारी की. इस तेज शुरुआत की वजह से भारतीय टीम ने पावरप्ले में ही मजबूत पकड़ बना ली, जिससे मैच भारत के हिस्से में आता चला गया. इसके बाद बाकी बल्लेबाजों ने भी मैच में आक्रामक खेल दिखाया और टीम का स्कोर 255 रन तक पहुंचाया. जिससे टीम ने न्यूजीलैंड के सामने एक बड़ी चुनौती खड़ी कर दी.
2024 से साथ बल्लेबाजी का अनुभव
सैमसन ने बताया कि वह 2024 से अभिषेक शर्मा के साथ बल्लेबाजी का मजा ले रहे हैं. उन्हें पहले से ही अंदाजा था कि दोनों मिलकर टीम को मजबूत शुरुआत दे सकते हैं. उन्होंने कहा कि मैदान के अंदर और बाहर दोनों के बीच अच्छी दोस्ती है, जिसकी वजह से मैदान में उनके बीच जबरदस्त तालमेल देखने को मिलता है.
मैदान पर सरल बातचीत से बनती है रणनीति
संजू सैमसन ने बताया कि बल्लेबाजी के दौरान दोनों के बीच बातचीत भी बहुत अच्छी होती है. उन्होंने कहा, 'हम आइस और फायर नहीं, बल्कि फायर और फायर हैं. कभी वह आक्रामक खेलते हैं, तो कभी मैं तेजी से रन बनाता हूं. हमारा ऐसा ही मेल है'. सैमसन ने यह भी कहा कि मैच के दौरान उनकी बातचीत बहुत साधारण होती है. अभिषेक अक्सर पूछते हैं कि गेंद कैसी आ रही है, और वह जवाब देते हैं कि गेंद ठीक आ रही है, इसलिए छक्का मार दो.
अभिषेक के स्वभाव की तारीफ
संजू सैमसन ने अभिषेक शर्मा की जमकर तारीफ भी की. उन्होंने कहा कि अभिषेक बहुत साहसी और शांत स्वभाव के खिलाड़ी हैं. सैमसन के मुताबिक, उन्हें अभिषेक के साथ मैदान पर बल्लेबाजी करना बहुत पसंद है. दोनों की साझेदारी सिर्फ क्रिकेट तक सीमित नहीं है, बल्कि मैदान के बाहर भी उनकी अच्छी दोस्ती है. इसी तालमेल की वजह से दोनों खिलाड़ी मैदान पर बिना ज्यादा जटिल रणनीति बनाए स्वाभाविक तरीके से खेलते हैं और टीम के लिए बेहतर प्रदर्शन करने की कोशिश करते हैं.
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