आईसीसी टी20 वर्ल्ड कप में पाकिस्तानी गेंदबाज उस्मान तारिक की गेंदबाजी एक्शन की चर्चा हो रही है. सोशल मीडिया पर तारिक छाए हुए हैं. तमाम लोग उनके गेंदबाजी एक्शन को संदिग्ध बता रहे हैं. जबकि कई खिलाड़ी उनके समर्थन में उतर गए हैं. पाकिस्तानी ऑफ स्पिनर की मिस्ट्री बॉलिंग खूब सुर्खियां बटोर रही है. इसको लेकर दो भारतीय खिलाड़ी सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर भिड़ गए हैं.
पाकिस्तानी को लेकर भिड़े दो भारतीय खिलाड़ी-
टीम इंडिया के दिग्गज स्पिनर रहे रविचंद्रन अश्विन और श्रीवत्स गोस्वामी के बीच सोशल मीडिया पर पाकिस्तानी गेंदबाज के बॉलिंग एक्शन को लेकर तीखी बहस हुई है. उनकी गेंदबाजी पर सवाल उठने की मुख्य वजह उनकी बेंट आर्म और गेंद फेंकने से ठीक पहले लॉन्ग पॉज लेना है.
टी20 वर्ल्ड कप में तारिक बेहतरीन फॉर्म में हैं. उन्होंने अपने पिछले 23 मैचों में हर में कम से कम एक विकेट जरूर लिया है. तारिक को कोलंबो में होने वाले मैच से पहले भारतीय टीम के लिए बड़ा खतरा माना जा रहा है.
क्रिकेटर गोस्वामी ने तारिक पर उठाए सवाल-
रॉयल चैलेंजर्स बैंगलोर के पूर्व खिलाड़ी श्रीवत्स गोस्वामी ने अमेरिका के खिलाफ पाकिस्तान के मैच के दौरान इस पाकिस्तानी गेंदबाज की गेंदबाजी की खुलकर आलोचना की. गोस्वामी ने एक्स पर पोस्ट शेयर किया और तारिक के रनअप में लॉन्ग पॉज को लेकर सवाल उठाया और इसकी तुलना फुटबॉल में पेनल्टी रनअप से की. श्रीवत्स गोस्वामी ने लिखा कि फुटबॉल में पेनल्टी रनअप के दौरान रुकने की इजाजत नहीं है. यह कैसे ठीक है? एक्शन ठीक है, लेकिन डिलीवरी से पहले पॉज? इसे गंभीरता से जारी नहीं रखा जा सकता.
अश्विन का तारिक को समर्थन-
भारत के दिग्गज स्पिनर रविचंद्रन अश्विन ने पाकिस्तान खिलाड़ी उस्मान तारिक का समर्थन किया है. उन्होंने एक्स पर लिखा कि सहमत हूं कि फुटबॉल इसकी इजाजत नहीं देता. जब बल्लेबाज को एक तरफ से बैटिंग शुरू करने के बाद अंपायर या गेंदबाज को बताए बिना स्विच-हिट या रिवर्स करने की इजाजत दी जा सकती है, तो ये पाबंदियां सिर्फ गेंदबाज तक ही क्यों हैं? असल में गेदबाज को अंपायर को बताए बिना जिस हाथ से वह गेंदबाजी करता है, उसे बदलने की इजाजत नहीं है. उन्हें पहले वह नियम बदलना चाहिए.
अश्विन को गोस्वामी का जवाब-
रविचंद्रन अश्विन की प्रतिक्रिया पर गोस्वामी ने फिर से रिएक्ट किया और कहा कि इसे बल्लेबाज बनाम गेंदबाज की बहस के तौर पर न देखें और मुख्य मुद्दे 'गेंद फेंकने से पहले तारिक के लॉन्ग पॉज पर' फोकस करें.
गोस्वामी का सुझाव है कि सहज एक्शन की कमी के चलते बल्लेबाजों के लिए गेंद का अनुमान लगाना मुश्किल हो जाता है. उनका मानना है कि ये उचित नहीं है.
गोस्वामी ने लिखा कि ये गेंदबाज बनाम बललेबाज का मुद्दा न बनाएं. बात पॉज की है. अगर एक सेकंड का पॉज है तो ये ठीक है तो 2 सेकंड का भी, 10 सेकंड का भी. क्रिकेटर कॉन्टिन्यूटी का खेल है. पॉज खेल की लय को ब्रेक करता है. अगर आप गौर से देखें तो वो गेंद फेंकते समय अपनी बाहों को थोड़ा मोड़ते हैं. उम्मीद है कि आईसीसी विवाद बनने से पहले इस मुद्दे को क्लियर करेगी.
तारिक का क्या कहना है?
आईसीसी के नियम के मुताबिक गेंदबाजों को गेंद फेंकते समय अपनी बांह को 15 डिग्री तक मोड़ने की इजाजत है. उस्मान तारिक का दावा है कि पाकिस्तान में उनके एक्शन की 2 बार जांच की गई और हर बार वो सही पाए गए.
तारिक का एक पुराना बयान सामने आया है. जिसमें वो कहते हैं कि मेरी कोहनी में दो कोने हैं. जिनकी वजह से मुझे उसे सीधा करने में दिक्कत होती है. इससे दर्शकों को परेशानी होती है. उन्होंने कहा कि जो भी इसपर टिप्पणी कर रहे हैं, उनको पहले क्रिकेट की जानकारी हासिल करनी चाहिए. अगर आपको क्रिकेट की जानकारी नहीं है और आप कमेंट कर रहे हैं तो अशिक्षा ज्ञान को नष्ट कर सकती है. ज्ञान होना अच्छा है और फिर आप किसी पर टिप्पणी कर सकते हैं.
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