Jio Platforms IPO
Jio Platforms IPO
जियो प्लेटफॉर्म्स के IPO का अलॉटमेंट हो चुका है. अगर आपने भी इसके लिए अप्लाई किया है, तो आप BSE, NSE या इसके रजिस्ट्रार केफिन टेक्नोलॉजीज की वेबसाइट पर जाकर आसानी से अपना अलॉटमेंट स्टेटस चेक कर सकते हैं. जिन निवेशकों को आईपीओ में शेयर मिले हैं, उनकी नजर अब इस बात पर है कि बाजार में कंपनी का शेयर किस भाव पर खुलेगा. ग्रे मार्केट में शेयर को इश्यू प्राइस से करीब 244 रुपए ज्यादा पर कारोबार मिलने की खबर है. इस हिसाब से लिस्टिंग पर एक लॉट के निवेशकों को करीब 2,928 रुपए का फायदा हो सकता है.
BSE की वेबसाइट पर अलॉटमेंट स्टेटस ऐसे चेक करें
सबसे पहले BSE के ऑफिशियल अलॉटमेंट पेज पर जाएं.
इश्यू टाइप में 'Equity' को चुनें.
ड्रॉपडाउन लिस्ट से 'Jio Platforms' सेलेक्ट करें.
अपना PAN नंबर या एप्लीकेशन नंबर दर्ज करें.
कैप्चा वेरिफिकेशन पूरा करें और 'Submit' बटन पर क्लिक करें.
स्क्रीन पर अलॉटमेंट का स्टेटस और आवंटित शेयर्स की संख्या दिख जाएगी.
28 अक्टूबर को सुबह 10 बजे होगी लिस्टिंग
जियो प्लेटफॉर्म्स के शेयर बुधवार, 28 अक्टूबर को नेशनल स्टॉक एक्सचेंज (NSE) और बॉम्बे स्टॉक एक्सचेंज (BSE) पर लिस्ट होने वाले हैं. आईपीओ के तय कार्यक्रम के मुताबिक, कारोबार सुबह 10 बजे शुरू होगा. इससे पहले सुबह 9 बजे से 9:45 बजे तक प्री-ओपन सेशन चलेगा. इस दौरान निवेशक शेयर खरीदने और बेचने के ऑर्डर डाल सकेंगे. वे अपने ऑर्डर में बदलाव भी कर सकते हैं या उन्हें रद्द कर सकते हैं. इसके बाद ऑर्डर का मिलान होगा और शेयर का शुरुआती भाव तय किया जाएगा.
ग्रे मार्केट में 244 का प्रीमियम
आईपीओ की लिस्टिंग से पहले ग्रे मार्केट प्रीमियम (GMP) पर निवेशकों की नजर बनी हुई है. आईपीओ पर नजर रखने वाली वेबसाइटों के मुताबिक, 27 अक्टूबर को जियो प्लेटफॉर्म्स का GMP करीब 244 रुपए प्रति शेयर बताया गया. कंपनी ने आईपीओ का प्राइस बैंड 1,065 से 1,119 रुपए प्रति शेयर रखा था. अपर प्राइस बैंड यानी 1,119 रुपए में 244 रुपए का प्रीमियम जोड़ें, तो अनुमानित लिस्टिंग प्राइस 1,363 रुपए बनता है. इस हिसाब से इश्यू प्राइस के मुकाबले करीब 21.8% की बढ़त का अनुमान है.
एक लॉट पर कितनी कमाई हो सकती है?
जियो प्लेटफॉर्म्स के आईपीओ में एक लॉट 12 शेयरों का था. अपर प्राइस बैंड पर एक लॉट के लिए रिटेल निवेशकों को 13,428 रुपए लगाने थे. अगर शेयर 1,363 रुपए पर लिस्ट होता है, तो एक शेयर पर 244 रुपए का अंतर बनेगा. इस हिसाब से 12 शेयरों पर संभावित फायदा 2,928 रुपए होगा. यह गणना इश्यू प्राइस और अनुमानित लिस्टिंग प्राइस के अंतर पर आधारित है. लिस्टिंग के बाद शेयर का भाव घटने-बढ़ने से निवेशक का वास्तविक मुनाफा भी बदल सकता है.
22 गुना से ज्यादा सब्सक्राइब हुआ आईपीओ
जियो प्लेटफॉर्म्स का 30,213 करोड़ रुपए का आईपीओ कुल मिलाकर 22.19 गुना सब्सक्राइब हुआ. इसमें संस्थागत निवेशकों की सबसे ज्यादा दिलचस्पी दिखी. क्वालिफाइड इंस्टीट्यूशनल बायर्स (QIB) का हिस्सा 70.55 गुना और नॉन-इंस्टीट्यूशनल निवेशकों (NII) का हिस्सा 14 गुना सब्सक्राइब हुआ. रिटेल निवेशकों का हिस्सा 2.72 गुना भरा. यह पूरा आईपीओ नए शेयर जारी करके लाया गया था. इसमें पुराने शेयरधारकों की ओर से शेयर बेचने यानी ऑफर फॉर सेल (OFS) का हिस्सा नहीं था.
आईपीओ से मिले पैसे का क्या करेगी कंपनी?
कंपनी की योजना आईपीओ से जुटाई गई रकम में से 27,500 करोड़ रुपए तक अपनी सहायक कंपनी रिलायंस जियो इन्फोकॉम के कर्ज चुकाने में इस्तेमाल करने की है. इस इश्यू के बुक-रनिंग लीड मैनेजर कोटक महिंद्रा कैपिटल कंपनी हैं, जबकि केफिन टेक्नोलॉजीज को रजिस्ट्रार नियुक्त किया गया है.