Sanjeev Balyan and Yogi Adityanath (Photo/PTI)
Sanjeev Balyan and Yogi Adityanath (Photo/PTI)
उत्तर प्रदेश में विधानसभा चुनाव को लेकर सियासी सरगर्मियां बढ़ गई है. बीजेपी के दिग्गज लीडर और पूर्व केंद्रीय मंत्री संजीव बालियान ने यूपीतक के पॉडकास्ट में यूपी की सियासी को लेकर बात की. इस दौरान पूर्व केंद्रीय मंत्री डॉ. संजीव बालियान ने संगीत सोम विवाद, मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ से बनते-बिगड़ते रिश्ते, बुलडोजर कल्चर और पश्चिमी यूपी को अलग राज्य बनाने की मांग को लेकर अपनी बात रखी.
मुजफ्फरनगर सीट पर हार पर क्या बोले बालियान?
साल 2024 में मुजफ्फरनगर सीट से हार पर दर्द बयां करते हुए बालियान ने कहा कि वे यह चुनाव लगभग जीत रहे थे. हार में एक नहीं कई कारण रहे. उन्होंने बसपा उम्मीदवार की मौजूदगी और पश्चिमी यूपी में हुई क्षत्रिय पंचायतों को हार का बड़ा फैक्टर बताया. बालियान ने स्वीकार किया कि अगर कुछ चीजों को सही वक्त पर संभाल लिया जाता, तो 24 हजार वोटों का यह फासला आसानी से पाटा जा सकता था.
संगीत सोम से विवाद पर बोले पूर्व केंद्रीय मंत्री-
बीजेपी के पूर्व विधायक संगीत सोम के साथ चली खुली रार पर बालियान ने तल्ख तेवर दिखाए. जब पूछा गया कि क्या 2024 में सोम ने उन्हें हराने का काम किया, तो बालियान बोले कि इस सवाल का जवाब तो सबको पता है. उन्होंने कहा कि पार्टी के भीतर ऐसे मतभेद नहीं होने चाहिए, लेकिन राजनीति में आगे बढ़ने के लिए स्लेट साफ करनी पड़ती है. उन्होंने साफ किया कि वे पैदाइशी भाजपाई हैं और कभी पार्टी विरोधी काम नहीं किया.
सीएम योगी पर क्या बोले बालियान?
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ से रिश्तों में आई दूरी पर संजीव बालियान ने मशहूर शेर का सहारा लिया. उन्होंने कहा कि यूं ही कोई बेवफा नहीं होता, कुछ तो मजबूरियां रही होंगी. बालियान ने याद दिलाया कि 2014 से 2017 तक संसद में उनकी और योगी जी की सीटें आगे-पीछे थीं और बेहद करीबी संबंध थे. बाद में दूरियां क्यों बढ़ीं, इस पर उन्होंने कहा कि योगी जी बहुत बड़े नेता हैं और वे उनके सामने कुछ भी नहीं.
बुलडोजर मॉडल रास नहीं आया-
उत्तर प्रदेश में बुलडोजर मॉडल पर बालियान ने अपनी ही सरकार की लाइन से अलग सुर अलापा. उन्होंने कहा कि व्यक्तिगत रूप से उन्हें बुलडोजर का महिमामंडन कभी रास नहीं आया. कानून अपना काम करे, वो ठीक है, लेकिन बुलडोजर के जरिए शक्ति प्रदर्शन और इसे ब्रांड बनाना उन्हें कभी पसंद नहीं रहा.
पश्चिमी यूपी को राज्य बनाने पर क्या बोले?
संजीव बालियान ने प्रशासनिक और न्यायिक सहूलियत के लिए पश्चिमी उत्तर प्रदेश को अलग राज्य बनाने की जोरदार वकालत की. उन्होंने कहा कि उनके गांव से इलाहाबाद हाईकोर्ट करीब 750 किलोमीटर दूर है, जबकि दूरी के हिसाब से देखें तो लाहौर हाईकोर्ट ज्यादा नजदीक पड़ेगा. उन्होंने सवाल उठाया कि 25 करोड़ की आबादी वाले यूपी में पश्चिम के लोगों को एम्स और हाईकोर्ट बेंच जैसी बुनियादी सुविधाओं के लिए आज भी तरसना पड़ रहा है.
यूपी चुनाव पर क्या बोले बालियान?
2027 के यूपी विधानसभा चुनाव को लेकर बालियान ने साफ कर दिया कि उनका लखनऊ की राजनीति में जाने का कोई इरादा नहीं है और वे केंद्र की राजनीति में ही सहज हैं. 2027 की लड़ाई को बेहद कांटे की टक्कर बताते हुए उन्होंने कहा कि अमित शाह और सुनील बंसल को यूपी के चप्पे-चप्पे और जातिगत समीकरणों की गहरी समझ है. अगर ये दोनों नेता चुनाव की कमान पूरी तरह संभालते हैं, तो बीजेपी की राह बेहद आसान हो जाएगी.
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