scorecardresearch
मनोरंजन

महेश भट्ट अब फिल्में नहीं बनाएंगे, ये हैं उनकी 5 सबसे यादगार फिल्में, जिन्होंने बॉलीवुड में छोड़ी गहरी छाप

Mahesh Bhatt Movies
1/6

77 वर्षीय फिल्ममेकर महेश भट्ट ने निर्देशन से संन्यास लेने की घोषणा कर दी है. 20 सितंबर 1948 को मुंबई में जन्मे महेश भट्ट ने करीब पांच दशक लंबे करियर में लगभग 80 फिल्मों का निर्देशन और निर्माण किया, जबकि 100 से ज्यादा फिल्मों की कहानी और पटकथा लेखन में योगदान दिया. उनकी आखिरी निर्देशित फिल्म 'सड़क 2' (2020) थी. आइए जानते हैं उनकी पांच ऐसी फिल्मों के बारे में, जिन्हें आज भी बॉलीवुड की क्लासिक फिल्मों में गिना जाता है.

सारांश (1984)
2/6

सारांश (1984)
1984 में रिलीज हुई 'सारांश' महेश भट्ट के करियर की सबसे चर्चित फिल्मों में से एक है. फिल्म में अनुपम खेर, रोहिणी हट्टंगड़ी और सोनी राजदान ने मुख्य भूमिकाएं निभाईं. यह फिल्म एक बुजुर्ग दंपती की भावनात्मक कहानी पर आधारित थी, जिसने दर्शकों और समीक्षकों दोनों का दिल जीता. कम बजट में बनी इस फिल्म ने बॉक्स ऑफिस पर अच्छा प्रदर्शन किया और अनुपम खेर को रातोंरात पहचान दिला दी. फिल्म भारत की ओर से ऑस्कर की आधिकारिक एंट्री भी बनी थी.

दिल है कि मानता नहीं (1991)
3/6

दिल है कि मानता नहीं (1991)

1991 में रिलीज हुई 'दिल है कि मानता नहीं' महेश भट्ट की सबसे बड़ी हिट फिल्मों में शामिल है. फिल्म में आमिर खान और पूजा भट्ट की जोड़ी नजर आई थी. रोमांस और कॉमेडी से भरपूर इस फिल्म के गाने भी सुपरहिट रहे. बॉक्स ऑफिस पर फिल्म ने शानदार कमाई की और उस साल की सबसे सफल फिल्मों में शामिल रही. आज भी इसे बॉलीवुड की यादगार रोमांटिक फिल्मों में गिना जाता है.
 

अर्थ (1982): 
4/6

अर्थ (1982): 
1982 में रिलीज हुई 'अर्थ' अपने समय से काफी आगे की फिल्म मानी जाती है. इसमें शबाना आज़मी, स्मिता पाटिल, कुलभूषण खरबंदा और राज किरण मुख्य भूमिकाओं में थे. फिल्म वैवाहिक रिश्तों, बेवफाई और एक महिला के आत्मसम्मान की कहानी थी. बॉक्स ऑफिस पर फिल्म ने औसत प्रदर्शन किया, लेकिन समीक्षकों ने इसकी खूब सराहना की. शबाना आजमी को इस फिल्म के लिए राष्ट्रीय पुरस्कार भी मिला.
 

जख्म (1998)
5/6

जख्म (1998):
1998 में रिलीज हुई 'ज़ख्म' महेश भट्ट की निजी जिंदगी से प्रेरित फिल्म मानी जाती है. इसमें अजय देवगन, पूजा भट्ट, सोनाली बेंद्रे और नागार्जुन मुख्य भूमिकाओं में थे. फिल्म सांप्रदायिक हिंसा और पारिवारिक रिश्तों पर आधारित थी. बॉक्स ऑफिस पर इसका प्रदर्शन औसत रहा, लेकिन समीक्षकों ने इसे खूब सराहा. अजय देवगन को इस फिल्म के लिए सर्वश्रेष्ठ अभिनेता का राष्ट्रीय फिल्म पुरस्कार मिला और यह महेश भट्ट के करियर की सबसे प्रभावशाली फिल्मों में गिनी जाती है.

Sadak
6/6

सड़क (1991)

1991 में ही रिलीज हुई 'सड़क' एक रोमांटिक थ्रिलर थी, जिसमें संजय दत्त, पूजा भट्ट और सदाशिव अमरापुरकर ने अहम भूमिकाएं निभाईं. खासकर सदाशिव अमरापुरकर का 'महारानी' वाला किरदार आज भी याद किया जाता है. फिल्म बॉक्स ऑफिस पर बड़ी हिट साबित हुई और साल की सबसे ज्यादा कमाई करने वाली फिल्मों में शामिल रही. इसकी लोकप्रियता को देखते हुए 2020 में 'सड़क 2' बनाई गई, हालांकि वह दर्शकों को प्रभावित नहीं कर सकी.