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Republic Day and Indian Army: टैंक T-90 से लेकर, NAG मिसाइल, पिनाका समेत इन हथियारों से कुछ इस तरह दिखाई भारतीय सेना ने अपनी ताकत

गणतंत्र दिवस परेड में टैंक टी-90, नाग एंटी-टैंक गाइडेड मिसाइल, पिनाका मल्टी-बैरल रॉकेट लॉन्चर, हथियार का पता लगाने वाला रडार सिस्टम-स्वाति का प्रदर्शन करते हुए भारतीय सेना ने अपनी ताकत दिखाई.

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Republic Day Parade Republic Day Parade
हाइलाइट्स
  • भारतीय सेना ने दिखाई अपनी ताकत

  • 60 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से चलता है टी-90 टैंक

गणतंत्र दिवस के मौके पर हर साल भारतीय सेना अपने हथियारों का प्रदर्शन करती है. इसमें दिखाया जाता है कि हमारी सेना कितनी मजबूत है. समारोह के दौरान भारत की केवल सैन्य शक्ति ही नहीं बल्कि सांस्कृतिक विविधता और कई अन्य अनूठी पहल देखने को मिलती हैं. इसबार गणतंत्र दिवस परेड में टैंक टी-90, नाग एंटी-टैंक गाइडेड मिसाइल, पिनाका मल्टी-बैरल रॉकेट लॉन्चर, हथियार का पता लगाने वाला रडार सिस्टम- स्वाति का प्रदर्शन करते हुए भारतीय सेना ने अपनी ताकत दिखाई.

60 की रफ्तार से चलता है टी-90 टैंक

टैंक टी-90 भीष्म की टुकड़ी का नेतृत्व 42 बख्तरबंद रेजिमेंट के लेफ्टिनेंट फैज सिंह ढिल्लों ने किया. ये टैंक 125 मिमी स्मूथ बोर गन से लैस है. ये हंटर किलर कॉन्सेप्ट पर काम करता है. टैंक में थर्मल इमेजिंग से लेकर ERA पैनल और 50 से 60 किमी प्रति घंटे की रफ्तार तक चल सकते की क्षमता है. 

NAG मिसाइल सिस्टम 

अगली टुकड़ी 17 मैकेनाइज्ड इन्फैंट्री रेजिमेंट की रही. इस टुकड़ी को कैप्टन अभय पंडित ने लीड किया. इसमें मैकेनाइज्ड इन्फेंट्री रेजिमेंट का NAG मिसाइल सिस्टम था. इसे स्वदेशी रूप से रक्षा अनुसंधान एवं विकास प्रयोगशाला (DRDO) हैदराबाद ने डिजाइन किया है. इसे भारत में "सारथ" उपनाम से जाना जाता है. टैंक में थर्मल इमेजर और एक लेजर रेंजफाइंडर सहित कई इलेक्ट्रो-ऑप्टिकल सिस्टम हैं.

बीएमपी 2/2K

लेफ्टिनेंट शिवम सिंह के नेतृत्व में गार्ड्स रेजिमेंट के इन्फैंट्री कॉम्बैट व्हीकल बीएमपी - 2 /2K के दस्ते ने परेड में हिस्सा लिया. ICV BMP-2 को SARATH नाम से जाना जाता है. ये एक इंफ कॉम्बैट व्हीकल (ICV) है जिसमें शक्तिशाली हथियार और रात में लड़ने की क्षमता है. इतना ही नहीं ये रेगिस्तान, पहाड़ी क्षेत्र या ऊंचाई वाले क्षेत्र में अच्छी तरह काम कर सकता है. 

भू-भागीय वाहन

एक टुकड़ी भू-भागीय यानी Terrain व्हीकल्स की भी रही. इसमें फाॅर्स व्हीकल, भारी और मध्यम वाहन, इन्फैंट्री मोर्टार सिस्टम, ऑल-टेरेन वाहन आदि शामिल रहे. इस टुकड़ी का नेतृत्व राजपूत मेजर तूफान सिंह चौहान, लेफ्टिनेंट कर्नल पनमेई काबीफुन, और कैप्टन अरमानदीप सिंह औजला ने किया. 

पिनाका 

पिनाका की टुकड़ी भी परेड में मौजूद रही. इसके नेतृत्व 262 फील्ड रेजिमेंट की लेफ्टिनेंट प्रियंका सेवदा ने किया. बता दें, पिनाका मल्टीपल लॉन्चर रॉकेट सिस्टम है. इसे भारत में ही तैयार किया गया है. ये सभी मौसम में उड़ सकता है. 

रडार सिस्टम-स्वाति और सर्वत्र मोबाइल ब्रिजिंग सिस्टम

परेड में रडार सिस्टम स्वाति को भी शामिल किया गया. इसके नेतृत्व आर्टिलरी रेजिमेंट की लेफ्टिनेंट दीप्ति राणा ने किया. ये एक एडवांस मोबाइल रडार सिस्टम है. इसके अलावा, सर्वत्र मोबाइल ब्रिजिंग सिस्टम को भी शामिल किया गया जिसका नेतृत्व कैप्टन सुमन सिंह ने किया. 

ड्रोन जैमर सिस्टम

मोबाइल ड्रोन जैमर सिस्टम और सिग्नल कोर एडवांस रेडियो फ्रीक्वेंसी मॉनिटरिंग सिस्टम को भी परेड में शामिल किया गया. इसका नेतृत्व लेफ्टिनेंट कर्नल अंकिता चौहान ने किया. बता दें, ड्रोन जैमर सिस्टम का उपयोग ड्रोन और यूएएस (Unmanned Aircraft System) सिग्नल, ग्राउंड कंट्रोल सिग्नल और टोजम ड्रोन गतिविधियों का पता लगाने और उसे ट्रैक करने के लिए किया जाता है.