Sonam Wangchuk Ends Hunger Strike (Photo: PTI)
Sonam Wangchuk Ends Hunger Strike (Photo: PTI)
एक्टिविस्ट सोनम वांगचुक ने एजुकेशन सिस्टम में रिफॉर्म के लिए राजधानी दिल्ली के जंतर-मंतर पर भूख हड़ताल से लड़ाई शुरू की थी. अब उन्होंने 26 दिनों की भूख हड़ताल 23 जुलाई 2026 को खत्म कर दी. सोनम वांगचुक ने शुक्रवार सुबह सोशल मीडिया पर वीडियो के जरिए एक और मैसेज शेयर किया है. उन्होंने कहा कि सरकार और विभिन्न राजनीतिक दलों के सांसदों से लिखित आश्वासन मिलने के बाद अनशन समाप्त करने का फैसला लिया. उन्होंने कहा कि भूख हड़ताल खत्म हो गई है, लेकिन जवाबदेही की शुरुआत…! वांगचुक ने कहा कि उन्हें सरकार और सभी राजनीतिक दलों के सांसदों से यह भरोसा मिला कि भारतीय संसद में खराब होती परीक्षा प्रणाली में जवाबदेही के मुद्दे पर चर्चा की जाएगी. शांतिपूर्ण प्रदर्शनकारियों पर मामले दर्ज नहीं करने और NEET पेपर लीक से जुड़े आत्महत्या पीड़ितों के परिवारों के लिए मुआवजे पर सकारात्मक विचार का भरोसा दिया है.
दो दिन से सरकार के साथ चल रही थी बात
गुरुवार रात करीब साढ़े ग्यारह बजे केंद्रीय मंत्री जेपी नड्डा और जितेंद्र सिंह सोनम वांगचुक से मिलने पहुंचे. लद्दाख की एपेक्स बॉडी के बड़े नेता भी मौजूद रहे. पहले अलग-अलग राजनीतिक दलों के करीब 65 सांसद उनसे मिलने पहुंचे थे. इन सांसदों ने हस्ताक्षर कर के वांगचुक से अनशन खत्म करने की अपील की. साथ ही भरोसा दिलाया कि संसद में नीट पेपर लीक और परीक्षा प्रणाली के मुद्दे पर चर्चा होगी. सरकार की तरफ से आए मंत्रियों ने भी यही आश्वासन दिया था. सोनम वांगचुक ने कहा कि पिछले दो दिन से सरकार के साथ इस बात को लेकर सख्त बातचीत चल रही थी. उनकी मांग थी कि उन्हें आश्वासन लिखित रूप में चाहिए. सरकार ने लिखित आश्वासन दिया इसके बाद उन्होंने अनशन समाप्त करने का फैसला लिया.
सरकार के लिखित आश्वासन में तीन बड़ी बातें
1. जंतर मंतर पर शांतिपूर्ण प्रदर्शन करने वालों और 20 जुलाई को संसद मार्च में शामिल लोगों के खिलाफ कोई मामला दर्ज नहीं किया जाएगा.
2. संसद में पेपर लीक रोकने और परीक्षा प्रणाली सुधारने पर चर्चा होगी ताकि इसका स्थायी हल निकाला जा सके.
3. हाल में नीट पेपर लीक के कारण जिन छात्रों ने आत्महत्या की, उनके परिवारों को उचित मुआवजा देने पर भी सरकार सकारात्मक तरीके से विचार करेगी.
पीएम मोदी ने वांगचुक के अच्छे स्वास्थ्य की प्रार्थना की
सोनम वांगचुक की भूख हड़ताल खत्म करने के कुछ घंटों बाद, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने उनसे डॉक्टरी सलाह मानने और अपनी सेहत ठीक करने का आग्रह किया. पीएम मोदी ने सोशल मीडिया के एक पोस्ट में कहा, मैं सोनम जी से आग्रह करता हूं कि वे अपनी रोजमर्रा की जिंदगी में डॉक्टरों की सलाह मानें और जल्द से जल्द अपना पुराना वजन वापस पाएं. मैं ईश्वर से उनके अच्छे स्वास्थ्य की प्रार्थना करता हूं. उन्होंने कहा, दोषियों को पकड़ लिया गया है और वे जेल में हैं. हमारी सबसे अहम जिम्मेदारी ये पक्का करना था कि छात्रों का एक भी साल बर्बाद न हो. तुरंत परीक्षाएं करवाना बहुत जरूरी था. मैंने विभागों को फास्ट-ट्रैक कोर्ट के लिए निर्देश दिए.