Special Rakhi For Sai
Special Rakhi For Sai
रक्षाबंधन के पवित्र त्योहार पर बहन अपने भाई को राखी बांधती है. राखी का आकार महज एक इंच से चार इंच तक होता है, मगर रक्षाबंधन के पवित्र पर्व पर शिरडी साईंबाबा को बिलासपुर के रिटायर्ड शिक्षक दिलीप पाथरीकर की बनाई आठ फीट की नक्काशिदार राखी ने श्रद्धालुओं का ध्यान खिंच लिया है.
शिरडी साईंबाबा पर देश विदेश के करोड़ों श्रद्धालुओं की अटूट आस्था है. साईंबाबा सबकी रक्षा करते हैं, इसी श्रद्धा से बिलासपुर के रिटायर्ड शिक्षक दिलीप पाथरीकर ने तीन महीनों की कड़ी मेहनत से आठ फीट व्यास और 40 फीट लम्बाई की राखी बनवाकर साईंबाबा को अर्पण की. राखी बनवाने में करीब दो लाख रूपए खर्च हुआ.
दिलीप पाथरीकर कहते हैं कि इस वर्ष मैंने साईंनाथ के षोडशोपचार पूजन, जिसमें 16 उपचारों से भगवान पंढरीनाथ का पूजन करना होता है. इस थीम पर बाबा को पंढरीनाथ का स्वरूप देकर और 16 उपचारों से पूजन का अंकन उस राखी में किया है.
उनका कहना है कि हमारी समस्त राष्ट्र की ओर से, साईं भक्तों की ओर से और बाबा को समर्पित हमारी भावनाएं हैं. साईंनाथ हमारे रक्षक हैं और वो संपूर्ण राष्ट्र की विभिन्न आपदाओं से रक्षा करेंगे. यह भावना लेकर हमने बाबा के लिए यह राखी शिरर्डी में समर्पित की है.
दिलीप बताते हैं कि इस राखी को तैयार करने में लगभग 2 लाख की लागत आई होगी. वह कहते हैं कि क्योंकि वह आर्टिस्ट हैं इसलिए राखी में उनकी कारीगरी के साथ उनकी भावना भी जुड़ी है. वह कहते हैं कि यह राखी केवल साईं के लिए बनीं है.
8 फुट व्यास की पूरी राखी है और 40 फुट उसकी लंबाई है जिसमें बाबा के लिए एक प्रार्थना की गई है. 'साईं का रिश्ता पक्का धागा, जग का रिश्ता कच्ची डोरी. जग की ओर तू क्या देखत है, देखता जा साईं की ओर'. इस भावना के साथ पूरा पद उस पर चित्रित किया है. राखी को लेकर वह कहते हैं कि इसे बनाने में मुझे 3 महीने का समय लगा है.