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Rajkot Crime News: निर्दयी मां की करतूत! जिस बेटी को दिया अपने कोख से जन्म, उसी को पांचवीं मंजिल से फेंक कर मारा, आपको हैरान कर देगी राजकोट की यह घटना

राजकोट में मातृत्व को शर्मसार करने वाली घटना हुई है. यहां एक निर्दयी मां ने नया जीवन शुरू करने के लिए अपनी दो साल की बच्ची की पांचवीं मंजिल से फेंक नीचे फेंक दिया. इससे बच्ची की मौके पर ही मौत हो गई. वह इस वारदात को अंजाम देने के बाद शुरुआत में खुद को निर्दोष बता रही थी लेकिन क्राइम ब्रांच की जांच में यह खुलासा हुआ है कि बच्ची की हत्या उसकी अपनी मां ने ही की थी.

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Mother Killed her Baby Daughter to Start a New Life Mother Killed her Baby Daughter to Start a New Life

राजकोट में मातृत्व को शर्मसार करने वाली एक घटना ने पूरे गुजरात में सनसनी फैला दी है. शहर के कुवाडवा रोड पर स्थित शहीद उधमसिंहजी टाउनशिप में 12 अक्टूबर 2026 को महज दो साल की बच्ची स्नेहल साकरिया की पांचवीं मंजिल से नीचे गिरने से मौत हो गई थी. क्राइम ब्रांच की जांच में यह खुलासा हुआ है कि बच्ची की हत्या उसकी अपनी मां पूनम साकरिया ने ही की थी. 

शुरुआत में खुद को बता रही थी निर्दोष 
शुरुआत में खुद को निर्दोष बताने और पुलिस को गुमराह करने वाली पूनम से लगातार दो दिनों तक हुई कड़ी पूछताछ के दौरान उसने स्वीकार किया कि उसने ही बच्ची को पांचवीं मंजिल से नीचे फेंका था. बच्ची के पिता और आरोपी महिला के पति ने शिकायत में बताया है कि जब भी मैं बेटी की मांग करता था, तो वह कहती थी, 'मैं उसे मार डालूंगी लेकिन तुम्हें नहीं दूंगी'. साथ ही, महिला आरोपी पुलिस से कह रही थी कि उसका दिमाग काम नहीं कर रहा था और उसे पता नहीं था कि वह क्या कर रही है.

चार साल पहले हुई थी शादी
बच्ची के पिता ने शिकायत में बताया है कि मेरी शादी चार साल पहले पूनम के साथ हुई थी. उसके बाद एक बेटी का जन्म हुआ. हमारा वैवाहिक जीवन ठीक-ठाक चल रहा था. इसी बीच, साल 2024 में मेरे पिता के निधन के बाद मेरा कूरियर का काम छूट गया था. इसके बाद पत्नी के साथ छोटी-छोटी बातों पर झगड़े होने लगे. झगड़े बढ़ने के कारण पूनम डेढ़ साल पहले नाराज होकर अपने मायके चली गई थी. हमने परिवार के सदस्यों और समाज के नेताओं के माध्यम से उसे वापस घर लाने की कोशिश की थी. लेकिन वह आने को तैयार नहीं थी. हमने फिर से सुलह की कोशिशें की थीं, लेकिन वे सफल नहीं रहीं. इस बीच 12 अक्टूबर की रात को मेरे बड़े भाई ने मुझे बताया कि मेरी बेटी की पांचवीं मंजिल से गिरने से मौत हो गई है. तभी मुझे शक हुआ कि मेरी बेटी ठीक से चल भी नहीं पाती थी, तो वह ऊपर से कैसे गिर सकती है? 

और पुलिस का शक हो गया गहरा 
चूंकि मेरी पत्नी ने पहले भी बेटी को जान से मारने की धमकी दी थी, इसलिए मुझे उस पर शक हुआ. 12 अक्टूबर को हुई इस संदिग्ध घटना के बाद स्थानीय पुलिस के साथ-साथ क्राइम ब्रांच की टीम ने भी जांच शुरू की. घटना की सच्चाई जानने के लिए बच्ची की मां समेत परिवार के सदस्यों और पड़ोसियों से पूछताछ की गई. इस दौरान क्राइम ब्रांच की पूछताछ में पूनम द्वारा कुछ सवालों के संतोषजनक जवाब न दे पाने के कारण उस पर शक और गहरा हो गया. पुलिस ने बताया कि पहले से यह घटना सही नहीं लग रही थी क्योंकि इतनी छोटी बच्ची इतनी बड़ी दीवार पर खुद नहीं चढ़ सकती थी. साथी उसकी माता ने जिस तरह हत्या की बातें की, वो भी हजम नहीं हो रही थी. जिसके बाद सख्त पूछताछ में माता ने कबूल किया है कि बच्ची का पालन-पोषण का खर्च न उठा पाने के कारण, और उसके घर वाले नया जीवन शुरू करने को कह रहे थे. हालांकि, नए जीवन में बच्ची बाधा पैदा कर रही थी. इसी वजह से उसने उसकी हत्या कर दी.