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Marwar Mahotsav का आगाज, कई प्रतियोगिताओं का आयोजन

राजस्थान के जोधपुर में मारवाड़ महोत्सव का आगाज हो गया है. इस महोत्सव में सांस्कृतिक विरासत लोक कला एवं रंग-बिरंगे कला संस्कृति को प्रदर्शित किया जाएगा. इसी को लेकर पहले दिन जोधपुर के घंटाघर से हेरिटेज वॉक का आयोजन किया गया. इस हेरिटेज वॉक में बीएसएफ के ऊंट का दस्ता स्कूल के छात्र-छात्राएं केसरिया साफा बांधकर हेरिटेज वॉक निकल गई.

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Marwar Mahotshav Marwar Mahotshav

पश्चिमी राजस्थान का सबसे बड़ा उत्सव मारवाड़ महोत्सव का आगाज सोमवार सुबह सूर्य नगरी जोधपुर में हुआ. दो दिवसीय मारवाड़ महोत्सव के राजस्थान सरकार के पर्यटन विभाग के तत्वावधान जिला प्रशासन के सहयोग से आयोजित किया जा रहा है. इस महोत्सव का उद्देश्य मारवाड़ की संस्कृति को आमजन से अवगत कराना और उसे एक मंच प्रदान करना है, साथ में लुप्त होती कलाओं का संरक्षण करना है. 

मारवाड़ महोत्सव का आगाज-
इस मारवाड़ महोत्सव में सीमा सुरक्षा बल, पुलिस प्रशासन स्वयंसेवी संस्थाएं सहित समग्र योगदान है. महोत्सव का आगाज सुबह मेहरानगढ़ से सूर्य को अर्क चढ़ाने और हेरिटेज वॉक के साथ शुरू किया गया. राजस्थान का ऐतिहासिक एवं सांस्कृतिक रूप से समृद्ध शहर जोधपुर जिसे नीला शहर और सूर्य नगरी के नाम से भी जाना जाता है. एक बार फिर गौरव अतीत और जीवंत परंपरा को प्रदर्शित करने के लिए तैयार है. इसी के तहत जोधपुर में मारवाड़ महोत्सव 2025 का आयोजन हो रहा है. इसके तहत आज पर्यटन विभाग व जिला प्रशासन के सहयोग से यह महोत्सव दो दिन तक आयोजित होगा. 

पहले दिन हेरिटेज वॉक का आयोजन-
इस महोत्सव में सांस्कृतिक विरासत लोक कला एवं रंग-बिरंगे कला संस्कृति को प्रदर्शित किया जाएगा. इसी को लेकर पहले दिन जोधपुर के घंटाघर से हेरिटेज वॉक का आयोजन किया गया. इस हेरिटेज वॉक में बीएसएफ के ऊंट का दस्ता स्कूल के छात्र-छात्राएं केसरिया साफा बांधकर हेरिटेज वॉक निकल गई. यह हेरिटेज वाक घंटाघर से लेकर उम्मेद स्टेडियम तक निकाली गई. यह वाक उम्मेद स्टेडियम पहुंचकर हेरिटेज वॉक संपन्न हुई.
 
मिस्टर मारवाड़ और मिस मारवाड़ प्रतियोगिता-
इसमें मिस्टर मारवाड़ और मिस मारवाड़ प्रतियोगिता का आयोजन भी किया जा रहा है. जिसमें पारंपरिक वेशभूषा पहनकर प्रतिभागी हिस्सा लेने पहुंचे. इसके साथ ही इस मारवाड़ महोत्सव के तहत 2 दिन तक विभिन्न तरह के आयोजन होंगे. इसमें लोक नृत्य, लोकगीत, पारंपरिक प्रतियोगिता शामिल हैं. इसमें मूंछ प्रतियोगिता, साफा प्रतियोगिता, सहित अन्य प्रतियोगिता का आयोजन होगा. साथ ही पतंग बाजी और हस्तशिल्प मेला के साथ-साथ सांस्कृतिक संध्या का भी आयोजन भी किया जायेगा. मारवाड़ महोत्सव के उद्घाटन समारोह में उठ दस्ते का परफॉर्मेंस आकर्षण का केंद्र रहा, जहां पर सीमा परीक्षा करने वाले यह ऊंट दस्त विभिन्न फॉर्मेशन बनाकर नृत्य और योग का प्रदर्शन किया.

इस दौरान बीएसएफ के कमांडेंट घेवर राम ने बताया कि पर राजस्थानी परंपरा और लोक संस्कृति को जीवंत रखने के लिए तरह के आयोजन होते हैं. जिसमें बीएसएफ के ऊंट का दस्ता भी भाग ले रहा है.

(अशोक शर्मा की रिपोर्ट)

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