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Moringa Tree Benefit: इस एक पेड़ के फल-फूल, जड़-तना और छाल सभी में हैं चमत्कारी गुण... बीपी-डायबिटीज सहित 300 बीमारियों को अकेले भागता है यह ट्री

Drumstick Benefit: सहजन एक सुपरफूड है. यह सेहत के लिए काफी फायदेमंद होता है. आयुर्वेद में सजहन के पेड़ के हर हिस्से को किसी न किसी बीमारी के इलाज के लिए इस्तेमाल किया जाता है. बीपी-डायबिटीज सहित 300 बीमारियों को अकेले सहजना भागता है. आइए सहजन के पेड़ के चमत्कारी गुणों के बारे में जानते हैं.

Moringa Tree Benefit Moringa Tree Benefit

सहजन (Sahjan) को देश के अलग-अलग हिस्सों में अलग-अलग नामों से जाना जाता है. कहीं इसे सेंजन तो कहीं मोरिंगा (Moringa) तो कहीं मुनगा के नाम से जाना जाता है. सहजन को अंग्रेजी में ड्रमस्टिक्स (Drumstick) कहा जाता है. सहजन सिर्फ एक पेड़ नहीं बल्कि प्रकृति द्वारा मनुष्य को दिया गया एक वरदान है. सहजन के पेड़ के फल-फूल, जड़-तना और ठंडल-छाल सभी में चमत्कारी गुण पाए जाते हैं.

आयुर्वेद में सजहन के पेड़ के हर हिस्से को किसी न किसी बीमारी के इलाज के लिए इस्तेमाल किया जाता है. बीपी-डायबिटीज सहित 300 बीमारियों को अकेले सहजना भागता है. आइए सहजन के पेड़ के चमत्कारी गुणों के बारे में जानते हैं. सहजन की फलियों की सब्जी बनाकर, पत्तियों और जड़ों का चूर्ण बनाकर सेवन कर सकते हैं.

सहजन में पाए जाते हैं इतने सारे पोषक तत्व 
सहजन में ढेर सारे पोषक तत्व पाए जाते हैं. सहजन को न्यूट्रीशनल वैल्यू के चलते सुपरफूड कहा जाता है. सहजन में प्रोटीन, कार्बोहाइड्रेट, पोटैशियम, मैग्रेशियम, आयरन, विटामिन ए, सी और बी कॉम्प्लेक्स भरपूर होता है. सहजन में फोलेट, विटामिन बी 6 (पाइरिडोक्सिन), थायमिन (विटामिन बी -1), राइबोफ्लेविन, पैंटोथेनिक एसिड और नियासिन भी काफी मात्रा में होता है. इसके अलावा सहजन कैल्शियम, लोहा, जस्ता,  तांबा, मैंगनीज, सेलेनियम जैसे खनिजों का बेहतरीन श्रोत है. सहजन के पोषक तत्व शरीर में आसानी से एब्जॉर्व होते हैं.

सेहत के लिए कितना फायदेमंद है सहजन 
सहजन से सेहत को ढेर सारे लाभ मिलते हैं. सहजन के सेवन से हड्डियां मजबूत बनती हैं. इम्यून सिस्टम बेहतर होता है. गट हेल्थ सुधरती है. ब्लड सर्कुलेशन अच्छा बना रहता है. ब्लड शुगर लेवल कंट्रोल में रहता है. किडनी हेल्थ के लिए सहजन अच्छा है. सहजन के सेवन से कैंसर का रिस्क कम होता है. सहजन लिवर के अच्छा होता है. सहजन एजिंग यानी बुढ़ापे की गति को धीमा करता है. सहजन के सेवन से मुंहासे कम होते हैं और आंखों की रोशनी तेज होती है.

1. शुगर कंट्रोल: सहजन के सेवन से शुगर कंट्रोल में रहता है. सहजन में 18 आमीनो एसिड होता है, जो शुगर कंट्रोल करने में मददगार है. सहजन की सब्जी खाकर या इसका सूप पीकर शुगर को कंट्रोल किया जा सकता है.

2. हड्डियों के लिए अच्छा: सहजन में कैल्शियम, आयरन और फॉस्फोरस काफी मात्रा में होता है. ऐसे में सहजन हड्डियों के लिए काफी लाभदायक होता है. यदि बच्चों की डाइट में सहजन को किसी न किसी रूप में शामिल किया जाए तो उनकी ग्रोथ और डेवलपमेंट तेज होती है. सहजन के सेवन से हड्डियों की डेंसिटी बढ़ती है यानी हड्डियां मोटी और मजबूत होती हैं. इससे बुढ़ापे में ऑस्टियोपोरोसिस का खतरा कम हो जाता है.

3. जोड़ों के दर्द में राहत: यदि आपके जोड़ों में दर्द रहता है तो सहजन का सेवन शुरू कर दीजिए. दर्द गायब हो जाएगा. आप सहजन के तेल से जोड़ों पर मालिश भी कर सकते हैं. इससे भी दर्द में रहत मिलती है.

4. इम्यून सिस्टम होता है मजबूत: सहजन यानी मोरिंगा में विटामिन सी और एंटीऑक्सीडेंट्स से खूब होते हैं. सहजन के सेवन से इम्यूनिटी मजबूत होती है. इससे सर्दी-जुकाम जैसे इन्फेक्शन नहीं होते हैं. 

5. बढ़ाता है याददाश्त: सहजन को किसी न किसी रूप में खाने से एकाग्रता बढ़ती है. इसके साथ ही याददाश्त भी बढ़ता है. यह सीखने की क्षमताओं में मददगार होती है.

6. सुधरती है गट हेल्थ: सहजन में विटामिन B 1, विटामिन B 2, नियासिन और विटामिन B 12 जैसे विटामिन पाए जाते हैं, जो पाचक रस के स्राव को उत्तेजित करने में मदद करते हैं. इससे कार्ब्स, प्रोटीन और फैट को ब्रेक करके उसे डायजेस्टेबल फॉर्म में बदलने में मदद मिलती है. फाइबर से भरपूर होने के कारण यह गट माइक्रोबायोम्स के लिए अच्छा है. सहजन खाने से पेट साफ रहता है.

7. कोलेस्ट्रॉल रहता है कंट्रोल में: सहजन कोलेस्ट्रॉल को कम करने में सहायता करता है. सहजन का लगातार सेवन करने से रक्त वाहिकाओं की क्लॉटिंग होती है, जिससे दिल का दौरा पड़ने का खतरा कम हो जाता है. सहजन के एंटीऑक्सीडेंट्स से भरपूर होने के कारण ब्लड सर्कुलेशन अच्छा बना रहता है. 

8. किडनी-लिवर के लिए अच्छा: सहजन में मौजूद एंटीऑक्सीडेंट्स किडनी से विषाक्त पदार्थों को साफ करने में मदद करते हैं. सहजन का सेवन नियमित रूप से करने पर किडनी की समस्या नहीं होती है. इससे मूत्राशय की पथरी के इलाज में मदद मिलती है. सहजन लिवर के लिए भी अच्छा होता है.

9. कैंसर का रिस्क कम: सहजन के खाने से एंटीऑक्सीडेंट मिलते हैं. विटामिन ए, सी, बीटा-कैरोटीन और नियाजिमिसिन की प्रचुर मात्रा कैंसर कोशिकाओं को पनपने से रोकती है. ये एंटीऑक्सीडेंट्स फ्री रेडिकल्स कम करके सेल्स को ऑक्सिडेटिव डैमेज से बचाते हैं.

10. प्रजनन क्षमता में सुधार: सहजन फर्टिलिटी को बेहतर बनाता है. रिसर्च में पता चला है कि सहजन का नियमित सेवन से शुक्राणुओं की संख्या बढ़ती है. पुरुषों में शुक्राणु की गुणवत्ता में सुधार होता है. यह एक न्यूरोट्रांसमीटर के रूप में भी कार्य करता है और हार्मोन उत्पादन में भी मददगार होता है.

11. मुंहासे से दिलाता है छुटकारा: सहजन शुद्धिकरण गुणों के लिए जाना जाता है. मोरिंगा की पत्ती का अर्क और तेल से मुंहासे से छुटकारा पाया जा सकता है. सहजन का तेल त्वचा को शुद्ध करने और इसे फिर से जीवंत करने में मददगार होता है.

12. आंखों की सहजन अच्छा: सहजन आंखों की रोशनी बढ़ाने में मददगार होता है. जिन लोगों की आंखों की रोशनी कम हो रही है, उन्हें सहजन का सेवन जरूर करना चाहिए. सहजन आंतों के लिए फायदेमंद है.