Tulsi Pant care tips
Tulsi Pant care tips
तुलसी का पौधा पहले खूब हरा-भरा रहता था, लेकिन अब नई पत्तियां निकलना कम हो गई हैं? कई बार हम पौधे में खाद डालते रहते हैं, जबकि असली परेशानी कहीं और होती है. तुलसी की बढ़त को समझने के लिए सिर्फ पत्तों को नहीं, उसकी टहनियों, मिट्टी और धूप का ख्याल रखना भी जरूरी है. कुछ छोटे बदलाव करके आप पौधे की देखभाल बेहतर कर सकते हैं.
अगर तुलसी की टहनियां लंबी होती जा रही हैं, लेकिन उन पर पत्तियां कम हैं, तो पौधे की छंटाई पर ध्यान दें. साफ कैंची से किसी स्वस्थ टहनी के ऊपरी हिस्से को पत्तियों की जोड़ी के ठीक ऊपर से काटें. इससे पौधे को नीचे की तरफ नई शाखाएं निकालने का मौका मिलता है. ध्यान रखें कि एक बार में बहुत ज्यादा टहनियां न काटें. पौधे की हालत देखकर थोड़ी-थोड़ी छंटाई करें.
जड़ों की जांच करें
कभी-कभी गमले की मिट्टी ऊपर से सख्त हो जाती है. पानी मिट्टी में ठीक से जाने के बजाय किनारों से निकल सकता है. मिट्टी की ऊपरी परत को जड़ों को नुकसान पहुंचाए बिना हाथ से ढीला करें. अगर मिट्टी लगातार गीली रहती है या पानी गमले में जमा होता है, तो निकासी के छेद भी जांचें. तुलसी को ऐसी मिट्टी पसंद है जिसमें पानी ठहरे नहीं. बार-बार पानी डालने के बजाय पहले उंगली से मिट्टी की ऊपरी परत जांच लें. अगर वह अभी नम है, तो पानी देने के लिए थोड़ा इंतजार करें.
धूप का हिसाब रखें
तुलसी को अच्छी बढ़त के लिए पर्याप्त रोशनी चाहिए. अगर गमला ऐसी जगह रखा है जहां दिनभर कम रोशनी आती है, तो पौधे की टहनियां कमजोर और पत्तियां कम हो सकती हैं. गमले को ऐसी जगह रखें जहां उसे रोज कुछ घंटे धूप मिल सके. अगर पौधा लंबे समय से छाया में है, तो उसे अचानक पूरे दिन की तेज धूप में रखने के बजाय धीरे-धीरे धूप की आदत डालें.
कब डालें खाद
पत्तियां कम देखकर बार-बार खाद डालना सही तरीका नहीं है. जरूरत से ज्यादा खाद पौधे को नुकसान पहुंचा सकती है. अगर मिट्टी पुरानी और सख्त हो गई है, तो अच्छी जल निकासी वाली मिट्टी और थोड़ी पकी हुई जैविक खाद का इस्तेमाल किया जा सकता है. खाद डालने से पहले पौधे की हालत देखें. अगर पत्तियां पीली पड़ रही हैं, तने कमजोर हैं या मिट्टी हमेशा गीली रहती है, तो पहले इन समस्याओं को ठीक करें.
पत्तियों के नीचे भी एक बार नजर डालें
तुलसी की पत्तियों के नीचे छोटे कीड़े, चिपचिपापन या जाले दिखाई दें, तो पौधे पर कीटों का असर हो सकता है. ऐसी स्थिति में प्रभावित पत्तियों और टहनियों को ध्यान से देखें. कीट दिखाई देने पर पौधे को दूसरे गमलों से थोड़ा अलग रखें और पत्तियों को साफ पानी से धोकर समस्या पर नजर रखें. तुलसी में पत्तियां बढ़ाने का कोई एक जादुई नुस्खा नहीं है. सही रोशनी, संतुलित पानी, जरूरत के हिसाब से खाद और समय पर छंटाई का मेल ही पौधे को दोबारा घना बनाने में मदद कर सकता है.
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