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फ्री में भी मिल जाए तो भी न खाएं ये वाली मछली, फायदे की जगह हो जाएगा नुकसान

मछली खाना निश्चित रूप से फायदेमंद है, लेकिन हर मछली नहीं. मांगुर मछली इसका सबसे बड़ा उदाहरण है. सस्ती और जल्दी मिलने के लालच में अगर यह मछली खाई जाए, तो फायदे की जगह नुकसान ज्यादा हो सकता है. इसलिए अगर आपको कोई फ्री में भी दे तो इस मछली का सेवन न करें

Mangur Fish Mangur Fish
हाइलाइट्स
  • भूलकर भी न खाएं ये वाली फिश

  • इस मछली को खाने से होती है बीमारी

मछली को सेहत के लिए बेहद फायदेमंद माना जाता है. सैल्मन, टूना और मैकेरल फिश को खाना कई मायनों में लाभकारी माना जाता है. इसमें प्रोटीन, ओमेगा-3 फैटी एसिड, कैल्शियम और कई जरूरी विटामिन होते हैं, जो दिल को स्वस्थ रखने, दिमागी विकास, हड्डियों की मजबूती और इम्यून सिस्टम को बेहतर बनाने में मदद करते हैं. डॉक्टर भी अक्सर हफ्ते में 1-2 बार मछली खाने की सलाह देते हैं. लेकिन एक मछली ऐसी भी है जिसे फ्री में मिलने पर भी आपको नहीं खाना चाहिए. इस मछली का नाम है मांगुर.

मांगुर मछली क्यों नहीं खाना चाहिए?
मांगुर मछली को सामान्य देसी कैटफिश से अलग माना जाता है. यह अफ्रीकी मूल की प्रजाति है, जो बेहद आक्रामक, तेजी से बढ़ने वाली और हर तरह के गंदे वातावरण में जीवित रहने की क्षमता रखती है. यह मछली अक्सर नालों, सीवर और अत्यधिक प्रदूषित पानी में पाली जाती है. ऐसे पानी में पली मछली के शरीर में भारी मात्रा में टॉक्सिन, बैक्टीरिया और हानिकारक केमिकल जमा हो सकते हैं, जो पकाने के बाद भी पूरी तरह नष्ट नहीं होते.

मांगुर मछली खाने से कौन-सी बीमारी हो सकती है?
इस मछली को खाने से फूड पॉइजनिंग की आशंका बढ़ जाती है, क्योंकि यह अक्सर गंदे और प्रदूषित पानी में पाई जाती है. इसके शरीर में मौजूद हानिकारक तत्व लीवर और किडनी पर बुरा असर डाल सकते हैं. कई मामलों में मांगुर मछली खाने के बाद त्वचा रोग, खुजली और एलर्जी जैसी समस्याएं भी देखी गई हैं. इसके अलावा, इसमें मौजूद बैक्टीरिया और टॉक्सिन्स आंतों में संक्रमण पैदा कर सकते हैं, जिससे पेट दर्द, उल्टी और दस्त की शिकायत होती है. लंबे समय तक इस मछली का सेवन किया जाए, तो इससे कैंसर भी हो सकता है.

कई रिपोर्ट्स में यह भी सामने आया है कि मांगुर मछली को जल्दी बड़ा करने के लिए हार्मोन, एंटीबायोटिक और केमिकल फीड का इस्तेमाल किया जाता है, जो सीधे मानव स्वास्थ्य को नुकसान पहुंचाता है.

ये मछली डेड बॉडीज क्यों खाती है?
मांगुर मछली को स्कैवेंजर यानी मरे हुए जीवों को खाने वाली प्रजाति माना जाता है. यह मरी हुई मछलियों, जानवरों के अवशेष और यहां तक कि सड़ती-गलती चीजें भी खा लेती है. यही कारण है कि इसे गंदगी साफ करने वाली मछली कहा जाता है, लेकिन यही आदत इसे खाने के लिए बेहद खतरनाक बना देती है.

आखिर सरकार ने मांगुर मछली पर बैन क्यों लगाया?

  • भारत सरकार ने मांगुर (African Catfish) के पालन, बिक्री और परिवहन पर प्रतिबंध लगाया है.

  • मांगुर मछली देसी मछलियों को खा जाती है. यह तालाबों और नदियों में तेजी से फैलकर स्थानीय प्रजातियों को खत्म कर देती है.

  • गंदे पानी और केमिकल फीड में पली मछली सीधे लोगों की सेहत से खिलवाड़ है.

  • बैन के बावजूद कई जगह चोरी-छिपे इसका पालन किया जाता है, जिससे सरकार को सख्त कदम उठाने पड़े.

  • मछली खाना निश्चित रूप से फायदेमंद है, लेकिन हर मछली नहीं. मांगुर मछली इसका सबसे बड़ा उदाहरण है. सस्ती और जल्दी मिलने के लालच में अगर यह मछली खाई जाए, तो फायदे की जगह नुकसान ज्यादा हो सकता है. इसलिए अगर आपको कोई फ्री में भी दे तो इस मछली का सेवन न करें.