घर पर ऐसे उगाएं ड्रैगन फ्रूट
घर पर ऐसे उगाएं ड्रैगन फ्रूट
ड्रैगन फ्रूट एक लोकप्रिय और हेल्दी फल है. इस फल की खेती अब भारत में भी तेजी से बढ़ रही है. लेकिन कई लोग इसको घर पर ही उगाना चाहते हैं. पर उन्हें न पता होते के कारण वह ऐसा नहीं कर पाते हैं. आज हम बताएंगे कि कैसे सीड्स और कटिंग से ड्रैगन फ्रूट को उगाया जा सकता है और उसकी देखभाल कैसे करनी चाहिए.
सीड्स से उगाने का तरीका
इस तरीके में ड्रैगन फ्रूट के सीड्स को पानी में 24 से 48 घंटे तक भिगोकर रखना चाहिए. इसके बाद, सीड्स को कोकोपीट से भरे पॉट में डालकर हल्का पानी देना चाहिए. ध्यान रखें कि सीड्स एक-दूसरे के ऊपर न हों. लगभग 5 दिनों में सीड्स अंकुरित होने लगते हैं. सीजन का ध्यान रखना भी जरूरी है, क्योंकि ड्राई और समर सीजन में ग्रोथ बेहतर होती है.
फर्टिलाइजर का सही उपयोग
ड्रैगन फ्रूट की ग्रोथ और फ्रूटिंग के लिए फर्टिलाइजर का सही उपयोग बेहद जरूरी है. सी वीड एक्सट्रैक्ट, एप्सम साल्ट, मस्टर्ड केक, ह्यूमिक एसिड और वेस्ट डीकंपोजर जैसे फर्टिलाइजर का उपयोग करके प्लांट की ग्रोथ को बढ़ाया जा सकता है. लिक्विड फर्टिलाइजर का उपयोग करने से प्लांट जल्दी न्यूट्रिशन को एब्सॉर्ब करता है और फास्ट रिजल्ट देता है.
ड्रैगन फ्रूट की प्रूनिंग और हार्वेस्टिंग
ड्रैगन फ्रूट की प्रूनिंग से उसकी ग्रोथ और फ्रूटिंग में सुधार होता है. स्टैंड पर ग्रो हो रही ब्रांचेस को सही तरीके से काटना चाहिए ताकि फ्लावर और फ्रूटिंग बेहतर हो सके. हार्वेस्टिंग के लिए सही समय का चयन करना भी महत्वपूर्ण है. जब ड्रैगन फ्रूट रेडिश पिंक हो जाए और उसके ब्रैक्ट्स खुल जाएं, तभी उसे हार्वेस्ट करना चाहिए.
ड्रैगन फ्रूट की कटिंग से ग्रोथ
ड्रैगन फ्रूट को कटिंग से उगाना भी एक आसान तरीका है. कटिंग को 6 से 7 इंच लंबा काटकर 2 दिन तक सुखाएं और फिर सैंडी सॉइल में लगाएं. कटिंग से उगाए गए प्लांट जल्दी ग्रो होते हैं और एक ही सीजन में फ्रूटिंग शुरू कर देते हैं.
ड्रैगन फ्रूट स्टैंड का महत्व
ड्रैगन फ्रूट की ग्रोथ के लिए कस्टमाइजेबल स्टैंड का उपयोग करना फायदेमंद होता है. स्टैंड की ऊंचाई 4 से 5 फीट होनी चाहिए ताकि ब्रांचेस सही तरीके से ग्रो हो सकें. स्टैंड प्लांट को सिस्टेमेटिक एनवायरनमेंट प्रदान करता है और फ्रूटिंग को बढ़ावा देता है.