देशभर में गणेश उत्सव को लेकर तैयारियां अंतिम चरण में हैं। महाराष्ट्र के अकोला और जालना में बाप्पा के आगमन पर शोभायात्राएं निकाली गईं, वहीं गुजरात के सूरत और राजकोट में पंडाल तथा पर्यावरण अनुकूल इको-फ्रेंडली प्रतिमाएं तैयार की गई हैं। चंद्रपुर में सुरक्षा के लिए पुलिस बल तैनात किया गया है। सावन के अंतिम सोमवार पर सोमनाथ मंदिर में श्रद्धालुओं की भारी भीड़ जुटी। उत्तराखंड के चमोली में 12 वर्ष के अंतराल के बाद मां नंदा देवी की डोली यात्रा कैलाश धाम के लिए रवाना हुई, जबकि टिहरी के निवाल गांव में 18 साल बाद पारंपरिक भेड़ कौथिक मेले का आयोजन किया गया। बिहार के सहरसा में 12 वर्षीय बच्ची ने गुल्लक के पैसे नेपाल बाढ़ पीड़ितों की सहायता हेतु दान किए। इसके साथ ही गया में पितृपक्ष मेले के तहत 'पेंट द सिटी' अभियान से विष्णुपद मंदिर व देवघाट पर मिथिला पेंटिंग बनाई जा रही हैं और लद्दाख के लेह में अकासा वेलनेस फेस्टिवल आयोजित हुआ।