देशभर में मूसलाधार बारिश के बाद कई राज्यों में नदियां उफान पर हैं और बाढ़ की स्थिति बनी हुई है. उत्तर प्रदेश के वाराणसी, कानपुर और प्रयागराज में गंगा, यमुना और वरुणा नदी का जलस्तर लगातार बढ़ रहा है. वाराणसी में गंगा के पलट प्रवाह से वरुणा नदी का पानी रिहायशी इलाकों में प्रवेश कर चुका है और गंगा घाट जलमग्न हो गए हैं. प्रशासन ने स्थिति से निपटने के लिए 46 बाढ़ राहत केंद्र और 21 चौकियां स्थापित की हैं. कानपुर में गंगा बैराज के सभी 30 गेट खोलकर पानी छोड़े जाने से 176 गांवों में अलर्ट जारी किया गया है. प्रयागराज में जलस्तर बढ़ने से संगम क्षेत्र और लेटे हनुमान मंदिर के पास पानी पहुंच गया है. ओडिशा के बालासोर, भद्रक और केंद्रपाड़ा में नदियां खतरे के निशान के पास हैं, जहां SDRF राहत कार्य में जुटी है. मध्य प्रदेश के पन्ना, यूपी के मिर्जापुर और हिमाचल प्रदेश के कांगड़ा में भी जलभराव और फ्लैश फ्लड से जनजीवन प्रभावित हुआ है.