बाबा बर्फानी के दर्शन के लिए तीर्थयात्री पहलगाम और बालटाल बेस कैंप से पवित्र गुफा की ओर रवाना हो गए हैं. प्रशासन ने डोमेल में आरएफआईडी चेक के बाद ही श्रद्धालुओं को आगे भेजने की व्यवस्था की है. बारिश के बावजूद यात्रियों का उत्साह कम नहीं हुआ है और वे पैदल, खच्चर व पालकी के जरिए आगे बढ़ रहे हैं. सुप्रीम कोर्ट के निर्देशानुसार प्रतिदिन यात्रियों की अधिकतम संख्या निर्धारित की गई है. श्रद्धालुओं से एडवांस रजिस्ट्रेशन के बाद ही जम्मू-कश्मीर पहुंचने की अपील की गई है. इस बुलेटिन में 41 किलोमीटर लंबे पारंपरिक पहलगाम मार्ग और 14 किलोमीटर लंबे कठिन बालटाल मार्ग के साथ-साथ बाबा बर्फानी के प्राकृतिक हिमलिंग बनने की प्रक्रिया और अमरनाथ गुफा से जुड़ी भगवान शिव और माता पार्वती की पौराणिक कथाओं का भी विस्तार से वर्णन किया गया है.