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GNT स्पेशल

71 दिन राहु मंगल युति, कुंभ-मकर-सिंह राशि को अलर्ट, वृषभ-मिथुन-तुला राशि के लिए शुभ

01 मार्च 2026

होली के अवसर पर ग्रहों की स्थिति में महत्वपूर्ण बदलाव हो रहे हैं. 2 मार्च को शुक्र के मीन राशि में प्रवेश से मालव्य राजयोग बनेगा, वहीं 3 मार्च को होलिका दहन से पूर्व चंद्र ग्रहण लगेगा जो भारत में 27 मिनट तक प्रभावी रहेगा. 7 मार्च से 13 अप्रैल तक शनि मीन राशि में अस्त रहेंगे, जिससे साढ़ेसाती और ढैय्या से प्रभावित जातकों को राहत मिल सकती है. 15 मार्च को सूर्य के मीन राशि में प्रवेश से त्रिग्रही योग का निर्माण होगा. हालांकि, 2 अप्रैल तक कुंभ राशि में मंगल और राहु की युति से अंगारक योग बना रहेगा, जिससे दुर्घटना और कलह की आशंका है. ज्योतिष गणना के अनुसार वृषभ, मिथुन और तुला राशि के लिए समय उन्नतिदायक है, जबकि सिंह, कुंभ और मकर राशि वालों को स्वास्थ्य और आर्थिक मामलों में सावधानी बरतनी होगी. विशेषज्ञों ने इस अवधि में राजनीतिक उथल-पुथल और सोने की कीमतों में वृद्धि की संभावना जताई है. नकारात्मकता दूर करने के लिए हनुमान चालीसा का पाठ और होलिका दहन की राख के प्रयोग जैसे उपाय सुझाए गए हैं.

होली 2026: काशी में मसाने की होली, अयोध्या में रंगभरी एकादशी, मथुरा में फूलों की होली

01 मार्च 2026

होली के त्योहार से पहले देशभर के मठ-मंदिरों में उत्सव का माहौल है. काशी के मणिकर्णिका घाट पर रंगभरी एकादशी के बाद चिता की भस्म और गुलाल के साथ पारंपरिक मसाने की होली खेली गई, जिसमें शिव भक्तों ने 'हर हर महादेव' के जयकारे लगाए. वहीं, अयोध्या में संतों ने फूलों से और मथुरा के बांके बिहारी मंदिर में गुलाल की बरसात के बीच होली मनाई. राजस्थान के खाटूश्याम मंदिर में 350 साल पुरानी परंपरा के तहत बाबा श्याम चांदी के रथ पर नगर भ्रमण के लिए निकले. त्योहार के मद्देनजर, उत्तर रेलवे लगभग 700 अतिरिक्त विशेष ट्रेनें चला रहा है और स्टेशनों पर अतिरिक्त सुविधाएं प्रदान की गई हैं. इसी बीच, भारतीय वायुसेना ने राजस्थान के पोखरण रेंज में 'वायु शक्ति 2026' युद्धाभ्यास के दौरान राफेल और सुखोई सहित 130 से अधिक विमानों के साथ दिन-रात में अपनी सटीक मारक क्षमता का प्रदर्शन किया. खेल जगत में, जम्मू-कश्मीर ने 67 साल में पहली बार रणजी ट्रॉफी का खिताब जीतकर इतिहास रच दिया है.

8 साल के रणवीर सिंह सचदेवा ने AI Summit में दिया सनातन दर्शन का संदेश

01 मार्च 2026

आठ साल के रणवीर सिंह सचदेवा AI Impact Summit 2026 में सबसे कम उम्र के keynote speaker बने। दिल्ली के भारत मंडपम में 16 से 20 February के बीच आयोजित इस summit में 100 देशों के नेताओं, technocrat और business leaders की मौजूदगी में रणवीर ने कहा, 'Knowledge, Wisdom, Truth. The pursuit of the three pillars of Indian thought and philosophy have always been considered as the highest human goals.' उन्होंने modern technology को प्राचीन सनातन मूल्यों से जोड़ने की आवश्यकता पर जोर दिया। France के राष्ट्रपति Emmanuel Macron, Brazil के राष्ट्रपति Lula de Silva, UN महासचिव Antonio Guterres, Google के CEO Sundar Pichai और OpenAI के CEO Sam Altman समेत दुनिया भर के दिग्गज इस summit में मौजूद थे। रणवीर ने अपने खुद के develop किए Indian AI model के use case से participants को रूबरू कराया। वह पांच साल की उम्र में दुनिया का सबसे कम उम्र का Apple Swift programmer बन गए थे।

अग्नि-5 मिसाइल की ताकत, 5000 किमी रेंज, MIRV तकनीक और परमाणु क्षमता से लैस भारत

28 फरवरी 2026

भारत ने रक्षा प्रौद्योगिकी में एक महत्वपूर्ण उपलब्धि हासिल करते हुए अग्नि-5 बैलिस्टिक मिसाइल का सफल परीक्षण किया है, जो 'मल्टीपल इंडिपेंडेंटली टारगेटेबल री-एंट्री व्हीकल' (MIRV) तकनीक से लैस है. इस कामयाबी के साथ भारत उन चुनिंदा देशों की सूची में शामिल हो गया है, जिनके पास यह उन्नत मिसाइल क्षमता है. रक्षा अनुसंधान एवं विकास संगठन (DRDO) द्वारा विकसित यह मिसाइल 5,000 किलोमीटर से अधिक की दूरी तक परमाणु हथियार ले जाने में सक्षम है और एक साथ कई लक्ष्यों को सटीकता से भेद सकती है. भारत का मिसाइल कार्यक्रम गति के आधार पर भी वर्गीकृत है, जिसमें सबसोनिक (पृथ्वी), सुपरसोनिक (ब्रह्मोस) और हाइपरसोनिक मिसाइलें (शौर्य) शामिल हैं. क्रूज मिसाइलें जेट इंजन से वायुमंडल के भीतर उड़ान भरती हैं, जबकि बैलिस्टिक मिसाइलें वायुमंडल से बाहर जाकर लंबी दूरी तय करती हैं. K-15 सागरिका और शौर्य जैसी मिसाइलें भारत को जल, थल और नभ से परमाणु हमले की क्षमता प्रदान कर एक मज़बूत सामरिक बढ़त दिलाती हैं.

पोखरण में वायु शक्ति 2026, राफेल, सुखोई और आकाश मिसाइल का दमदार प्रदर्शन

28 फरवरी 2026

राजस्थान के पोखरण फील्ड फायरिंग रेंज में भारतीय वायुसेना ने वायु शक्ति 2026 अभ्यास के तहत अपनी सबसे बड़ी फायर पावर क्षमता का प्रदर्शन किया। इस अभ्यास में 130 विमान शामिल हुए जिनमें 77 लड़ाकू विमान, 43 हेलीकॉप्टर और 8 परिवहन विमान थे। राफेल, सुखोई, मिराज 2000, जगुआर, अपाचे और चिनूक हेलीकॉप्टर ने दिन और रात दोनों समय सटीक हमले की क्षमता दिखाई। अभ्यास में 12 हजार किलो विस्फोटक और 277 हथियारों का इस्तेमाल किया गया। आकाश और स्पाइडर मिसाइल सिस्टम ने हवाई खतरों को रोकने की अपनी क्षमता का प्रदर्शन किया। ऑपरेशन सिंदूर के बाद यह पहला मेगा अभ्यास था जिसमें वास्तविक युद्ध जैसी परिस्थितियों में हमले का प्रदर्शन किया गया। राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू और रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह इस अभ्यास के गवाह बने। C-295 और C-130J विमानों ने विशेष बलों की तैनाती का प्रदर्शन किया।

रंगभरी एकादशी: काशी में चिता भस्म की होली, ब्रज-अयोध्या में भक्ति और रंगों का उत्सव

27 फरवरी 2026

रंगभरी एकादशी के शुभ अवसर पर काशी, मथुरा, अयोध्या और हरिद्वार में भव्य होली उत्सव मनाया गया। काशी में बाबा विश्वनाथ और मां पार्वती की शोभायात्रा निकाली गई और महाशमशान हरिश्चंद्र घाट पर चिता भस्म से होली खेली गई। मान्यता है कि इस दिन भगवान शिव मां पार्वती का गौना कराकर काशी लाए थे और अपने गणों के साथ श्मशान पर होली खेली थी। वृंदावन के बांके बिहारी मंदिर में विश्व प्रसिद्ध फूलों वाली होली का आयोजन हुआ। ब्रज की चालीस दिवसीय होली का उल्लास चरम पर रहा। अयोध्या में हनुमानगढ़ी से संतों ने हुड़दंग होली खेली और पंचकोसी परिक्रमा के लिए निकले। हरिद्वार के जूना अखाड़े में संतों ने गाय के गोबर और पंचगव्य से अनोखी होली खेली। रंगभरी एकादशी से देशभर में होली के पांच दिवसीय उत्सव की औपचारिक शुरुआत हो गई।

नंदगांव में लठमार होली: बरसाना के हुरियारों का स्वागत, देश भर में फागुन का उत्सव

26 फरवरी 2026

मथुरा के नंदगांव में लठमार होली का आयोजन हुआ, जहां बरसाना के हुरियारों की टोली नंद भवन पहुंची। नंदगांव की हुरियारों ने कल की होली का बदला लेने के लिए लाठियों से उनका स्वागत किया। ब्रज में यह परंपरा सदियों से चली आ रही है, जहां पहले लड्डूमार होली खेली जाती है, फिर बरसाना में और उसके अगले दिन नंदगांव में लठमार होली मनाई जाती है। मान्यता है कि कृष्ण और उनके साथी बरसाना से बिना नेग दिए वापस लौट आए थे, इसलिए दूसरे दिन बरसाना की टोली नेग लेने नंदगांव पहुंचती है। देश भर में होली के रंग बिखरने लगे हैं। काशी में गंगा घाट पर फाग गीत गूंज रहे हैं, जयपुर में मोती डूंगरी गणेश मंदिर में भक्तों ने गणपति को रंग अर्पित किया, और महाराष्ट्र के अमरावती में दो सौ साल पुरानी नवसाची होली की परंपरा निभाई जा रही है।

एक-दूजे के हुए रश्मिका और विजय देवरकोंडा, 4 मार्च को हैदराबाद में देंगे ग्रैंड रिसेप्शन

26 फरवरी 2026

साउथ सिनेमा के सुपरस्टार्स रश्मिका मंदाना और विजय देवरकोंडा ने आज उदयपुर के आईटीसी होटल मोमेंटोज में शुभ विवाह के बंधन में बंध गए. सुबह तेलुगु रीतिरिवाजों के अनुसार शादी संपन्न हुई और शाम को कन्नड़ परंपरा के अनुसार रस्में निभाई जाएंगी. इस हाई प्रोफाइल शादी में करीब 200-250 वीवीआईपी मेहमान शामिल हुए. प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने जोड़े को बधाई संदेश भेजा. मेहमानों में डायरेक्टर संदीप रेड्डी वांगा, स्टाइलिस्ट श्रव्य वर्मा, उद्योगपति मुकेश अंबानी परिवार सहित, डायरेक्टर-एक्टर तरुण भास्कर, राहुल रविंद्रन, ईशा रब्बा और आशिका रंगनाथ शामिल रहे. कल हल्दी और संगीत समारोह हुए. 4 मार्च को होली के दिन हैदराबाद में ग्रैंड रिसेप्शन आयोजित होगा जिसमें बॉलीवुड और साउथ की कई बड़ी हस्तियां शामिल होंगी.

आज विजय-रश्मिका की हल्दी की रस्म, उदयपुर के होटल में पारंपरिक येलो आउटफिट में दिखेगा कपल

25 फरवरी 2026

लेक सिटी उदयपुर में साउथ सिनेमा के सुपरस्टार्स विजय देवकोंडा और रश्मिका मंदाना की भव्य शादी का जश्न शुरू हो गया है. मोमेंटोज होटल के आलीशान महलों को दुल्हन की तरह सजाया जा रहा है और वेडिंग डेकोर में पारंपरिक राजस्थानी थीम और मॉडर्न एलिगेंस का खास संगम देखने को मिल रहा है. संगीत और हल्दी जैसे प्री वेडिंग फंक्शन की तैयारियां पूरी हो चुकी हैं. रश्मिका और विजय के परिवार के सदस्य और करीबी दोस्त उदयपुर पहुंच चुके हैं. 26 फरवरी को होने वाली इस रॉयल वेडिंग में विजय और रश्मिका सात फेरे लेकर हमेशा के लिए एक दूसरे के हो जाएंगे. मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक हल्दी सेरेमनी होगी जिसमें दोनों सितारे ट्रेडिशनल येलो आउटफिट में नजर आएंगे. वेन्यू को भी पीले रंग की थीम से सजाया गया है और शाम को एक धमाकेदार संगीत सेरेमनी का भी आयोजन होगा.

नंद किशोर गोस्वामी: 'साढे पाँच हज़ार साल पुरानी दिव्य परंपरा' बरसाना लठमार होली

25 फरवरी 2026

बरसाना में आज लठमार होली का पारंपरिक उत्सव मनाया गया। नंदगांव से भगवान कृष्ण के प्रतिनिधि के रूप में हुरियारे बरसाना पहुंचे, जहां राधा रानी की सखियों ने लाठियों से उनका स्वागत किया। नंद किशोर गोस्वामी, सेवायत अधिकारी, नंद महल, नंदगांव ने बताया कि यह 'साढे पाँच हज़ार साल पुरानी दिव्य परंपरा' है। उन्होंने कहा, 'नंदलाला की कृपा से हम समस्त नंदगांव वासियों को यह सुख प्राप्त है।' बरसाना की रंगीली गली में हुरियारणों ने प्रेम पगी लाठियां चलाईं जबकि हुरियारों ने ढाल से अपना बचाव किया। यह परंपरा राधा-कृष्ण की प्रेम लीला का प्रतीक है। लड्डू होली के अगले दिन यह लठमार होली खेली जाती है। देश-विदेश से हजारों श्रद्धालु इस अनोखे उत्सव को देखने पहुंचे। अगले दिन नंदगांव में भी लठमार होली मनाई जाएगी।

बरसाना में लड्डू मार होली की धूम, राधा रानी मंदिर में भक्तों ने खेली अनोखी होली

24 फरवरी 2026

उत्तर प्रदेश के बरसाना में आज लड्डू मार होली का आयोजन हुआ, जो ब्रज की होली परंपराओं की शुरुआत का प्रतीक है। राधा रानी मंदिर में हजारों श्रद्धालुओं ने इस अनोखी होली में भाग लिया। परंपरा के अनुसार, नंदगांव से आए पाड़े पर लड्डू बरसाए गए। गोस्वामी समाज के सदस्यों ने समाज गायन किया और राधा रानी को होली के पद सुनाए। पौराणिक मान्यता के अनुसार, द्वापर युग में राधा रानी ने कृष्ण के आने की खुशी में लड्डू फेंके थे, तभी से यह परंपरा चली आ रही है। आज से होलाष्टक की शुरुआत भी हो गई है, जो आठ दिनों तक चलेगी। कल यानी पच्चीस फरवरी को बरसाना में लठमार होली का आयोजन होगा और छब्बीस फरवरी को नंदगांव में। देश विदेश से श्रद्धालु ब्रज की इस अनोखी होली का हिस्सा बनने के लिए पहुंच रहे हैं। झांसी के एरच में होलिका दहन और भक्त प्रहलाद से जुड़ी पौराणिक कथाओं के स्थल भी मौजूद हैं।