जम्मू-कश्मीर के अनंतनाग जिले में 13 हजार फीट की ऊंचाई पर स्थित अमरनाथ धाम की पवित्र यात्रा इस साल 3 जुलाई से शुरू होकर 28 अगस्त तक चलेगी, जिसके लिए प्रशासन और श्राइन बोर्ड द्वारा मार्गों पर बर्फ हटाने का काम किया जा रहा है. अमरनाथ गुफा में प्राकृतिक रूप से हिम शिवलिंग का निर्माण होता है, जहां मान्यता है कि भगवान शिव ने माता पार्वती को अमरत्व की कथा सुनाई थी. इसके साथ ही, उत्तराखंड में स्थित केदारनाथ धाम, जो ग्यारहवां ज्योतिर्लिंग है, में शिवलिंग बैल के कूबड़ के रूप में है. सर्दियों में बाबा केदार की उत्सव डोली ऊखीमठ के ओंकारेश्वर मंदिर में स्थापित की जाती है. मध्य प्रदेश के उज्जैन में स्थित महाकालेश्वर एकमात्र दक्षिणमुखी ज्योतिर्लिंग है और अपनी विश्व प्रसिद्ध भस्म आरती के लिए जाना जाता है. वहीं, वाराणसी में काशी विश्वनाथ कॉरिडोर बनने के बाद श्रद्धालुओं की संख्या में भारी वृद्धि हुई है और अब भक्त सीधे गंगा स्नान कर बाबा का जलाभिषेक कर सकते हैं, जिससे धार्मिक पर्यटन और स्थानीय रोजगार को काफी बढ़ावा मिला है.