बाजार विशेषज्ञों ने सोने और चांदी की कीमतों में जारी उतार-चढ़ाव के बीच निवेशकों के लिए महत्वपूर्ण सलाह जारी की है. भू-राजनीतिक तनाव, जैसे कि अमेरिका-ईरान और चीन-ताइवान के बीच संभावित संघर्ष, और केंद्रीय बैंकों द्वारा लगातार सोने की खरीद के कारण कीमतों में तेजी बनी हुई है. विशेषज्ञों का अनुमान है कि इन कारकों के चलते सोना 2 लाख रुपये और चांदी 3 लाख रुपये तक पहुंच सकती है. निवेशकों को सलाह दी गई है कि वे अपने पोर्टफोलियो का 15-20% हिस्सा सोने में रखें, क्योंकि यह 'शॉक एब्जॉर्बर' का काम करता है. हालांकि, चांदी की अत्यधिक अस्थिरता को देखते हुए इससे दूर रहने की चेतावनी दी गई है. विशेषज्ञों ने 'फोमो' (FOMO) और 'मी टू' मानसिकता से बचते हुए, फिजिकल गोल्ड के बजाय गोल्ड ईटीएफ और एसआईपी (SIP) जैसे सुरक्षित निवेश विकल्पों पर जोर दिया है. जिनके घर में शादी है, उन्हें कीमतें और बढ़ने की आशंका के चलते जल्द खरीदारी करने का सुझाव दिया गया है.