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Hanuman Janmotsav: हनुमान जन्मोत्सव पर 51 फीट ऊंची अष्टधातु की हनुमान प्रतिमा का होगा अनावरण, देखिए स्पेशल रिपोर्ट

हनुमान बलशाली भी हैं और विनम्र भी हैं. हनुमान का यही वो परिचय है. जो आज भी घर घर गाया जाता है. आठ सिद्धियों और नौ निधियों को धारण करके भी हनुमान प्रभु राम की भक्ति का प्रण नहीं भूलते..यही वजह है कि लोकजीवन में हनुमान आज भी उतने ही प्रासंगिक हैं. हिदुओं के आराध्य देव, परम बलशाली, बुद्धि, शक्ति और भक्ति के प्रतीक हनुमान हमारी आस्था की ऐसी धुरी हैं. जिनके चारों ओर असीमित शक्तियों का भंडार है हिंदू पंचांग के अनुसार, हनुमान जन्मोत्सव हर साल चैत्र महीने की पूर्णिमा के दिन मनाया जाता है और मान्यता है कि इसी दिन पवनपुत्र हनुमान जी का जन्म हुआ था..इस साल 2 अप्रैल को चैत्र पूर्णिमा है ऐसे में पूरा देश 2 अप्रैल को हनुमान जन्मोत्सव मनाएगा और इस मौके पर लोग मंदिरों में जाकर हनुमान जी का दर्शन करते हैं, हनुमान चालीसा का पाठ करते हैं, सुंदरकांड का आयोजन करते हैं और भंडारे में भाग लेते हैं. कहा जाता है कि जो भी इस दिन श्रद्धा से हनुमान जी की पूजा करता है, उसकी सारी समस्याएं दूर हो जाती हैं.