आपको दिखाने जा रहे हैं ऐतिहासिक माघ मेले की अभूतपूर्व रौनक। रात के वक्त संगम दूधिया रोशनी से नहाया हुआ है। ऐसा लगता है जैसे संगम पर तारो का शहर बसा है। लाखों की तादाद में श्रद्धालु हैं। जबरदस्त उत्साह है। क्योंकि मकर संक्रांति का पवित्र स्नान होना है। जैसा जोश लोगों में है, उतना ही सतर्क प्रशासन है। भीड़ देखते हुए सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए गए हैं। आने वाले लोगों को कोई भी तकलीफ ना हो इसलिए हर सुविधा है। आज आपको संगम के खूबसूरत रंगों के साथ विस्तार से मेले की तैयारी दिखाएंगे। इसके साथ ही आकर्षण का केन्द्र बने साधु संतों और बाबाओं से मिलवाएंगे। संगम पर मौजूद तीन दशक से ज्यादा पुराने देवरहा बाबा का मंडप और मां गंगा अखंड ज्योति के दर्शन भी करवाएंगे