अमेरिकी अंतरिक्ष एजेंसी नासा (NASA) ने अपने ऐतिहासिक आर्टेमिस 2 (Artemis 2) मिशन को सफलतापूर्वक लॉन्च कर दिया है. 53 साल के लंबे अंतराल के बाद इंसान एक बार फिर चंद्रमा के सफर पर है. इस 10 दिवसीय टेस्ट फ्लाइट में कमांडर रीड वाइस मैन, पायलट विक्टर ग्लोवर, मिशन स्पेशलिस्ट क्रिस्टीना कोच और कनाडाई अंतरिक्ष यात्री जेरेमी हेंसन ओरियन कैप्सूल में सवार हैं. यह मिशन चंद्रमा की परिक्रमा कर सुरक्षित वापस लौटेगा और भविष्य के मंगल मिशन के लिए आधार तैयार करेगा. इस अभियान का उद्देश्य चांद पर मौजूद हीलियम-3, पानी और रेयर अर्थ एलिमेंट्स जैसे संसाधनों की खोज करना है. भारत ने भी आर्टेमिस अकॉर्ड्स पर हस्ताक्षर किए हैं और इसरो (ISRO) का डेटा इस मिशन के लिए महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहा है. इसरो का लक्ष्य साल 2040 तक चंद्रमा पर पहले भारतीय को उतारना है. आधुनिक सुपर कंप्यूटर तकनीक और निजी कंपनियों की भागीदारी से लैस यह मिशन गहरे अंतरिक्ष में मानव बस्तियां बसाने की दिशा में एक बड़ा कदम है.