NASA का ऐतिहासिक 'Artemis 2' मिशन सफलतापूर्वक पूरा हो गया है. 10 अप्रैल 2026 को ओरियन कैप्सूल ने चार अंतरिक्ष यात्रियों के साथ प्रशांत महासागर में स्प्लैशडाउन किया. इस मिशन में कमांडर रीड वाइसमैन, पायलट विक्टर ग्लोवर, क्रिस्टीना कोच और जेरेमी हैनसेन शामिल थे. 50 साल बाद हुए इस मानव मिशन ने पृथ्वी से 4,06,771 किलोमीटर की दूरी तय कर अपोलो 13 का रिकॉर्ड तोड़ा. अंतरिक्ष यात्रियों ने चंद्रमा के डार्क साइड और दक्षिणी ध्रुव के क्रेटर्स का निरीक्षण किया. इस मिशन की सफलता में भारत का भी महत्वपूर्ण योगदान है, क्योंकि भारत ने आर्टेमिस समझौते पर हस्ताक्षर किए हैं और चंद्रयान मिशन का डेटा साझा किया है. यह सफलता भविष्य के 'Artemis 3' मिशन के लिए मार्ग प्रशस्त करेगी, जिसका लक्ष्य चंद्रमा पर मानव लैंडिंग और संसाधन खोज है. वहीं, ISRO भी 2035 तक अपना अंतरिक्ष स्टेशन स्थापित करने और 2040 तक भारतीय अंतरिक्ष यात्रियों को चंद्रमा पर भेजने के लक्ष्य पर काम कर रहा है. यह मिशन भविष्य के मंगल अभियानों के लिए एक आधार के रूप में कार्य करेगा.