ज्योतिषी शैलेंद्र पांडे ने बताया कि बृहस्पतिवार का व्रत रखने से मुख्यतः भगवान विष्णु और बृहस्पति देव की कृपा मिलती है. उन्होंने कहा कि जिनकी कुंडली में बृहस्पति कमजोर हो, जिनका विवाह नहीं हो पा रहा हो या वैवाहिक जीवन खराब हो, उन्हें यह व्रत जरूर रखना चाहिए. इसके अलावा संतान संबंधी समस्या या पेट और मोटापे की दिक्कत होने पर भी यह व्रत लाभकारी होता है. शैलेंद्र पांडे ने स्पष्ट किया कि 'बृहस्पतिवार का व्रत रखने से हर बालिका का विवाह जल्दी नहीं होता.' केवल वही कन्याएं जिनका विवाह बृहस्पति की कमजोरी या दोष के कारण बाधित है, उन्हें इस व्रत से लाभ मिलता है. व्रत के नियमों का उल्लेख करते हुए उन्होंने बताया कि सुबह स्नान के बाद जल में हल्दी मिलाकर सूर्य देव और केले के पौधे में अर्पित करें. दिन में केवल जल और फल का सेवन करना चाहिए और भोजन में नमक नहीं लेना चाहिए.