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Kismat Connection: वरुथिनी एकादशी पर कैसे करें पूजा? ज्योतिष शैलेन्द्र पांडेय से जानिए इसकी महिमा और पूजा विधि

गुड न्यूज़ टुडे के खास कार्यक्रम 'किस्मत कनेक्शन' में वरुथिनी एकादशी की महिमा और पूजा विधि पर विस्तार से चर्चा की गई है। वैशाख कृष्ण पक्ष की एकादशी को वरुथिनी एकादशी कहा जाता है। इस दिन भगवान विष्णु के मधुसूदन स्वरूप की उपासना की जाती है। एकादशी का व्रत मानसिक और शारीरिक स्थिति पर सकारात्मक प्रभाव डालता है और चंद्रमा के अशुभ प्रभावों को कम करता है। कार्यक्रम में बताया गया है कि प्रेम और आनंद के लिए मधुराष्टक, संकट निवारण के लिए गजेंद्रमोक्ष और संतान प्राप्ति के लिए गोपाल सहस्त्रनाम का पाठ करना चाहिए। इसके साथ ही सभी 12 राशियों का दैनिक राशिफल भी साझा किया गया है। भाग्य को बेहतर बनाने के लिए एक लकी टिप दी गई है, जिसके अनुसार पूजा करते समय हमेशा पूर्व या पश्चिम दिशा की ओर मुख करना चाहिए। सफलता के अचूक मंत्र के रूप में प्रातः काल भगवान शिव को जल अर्पित कर नौ बार 'नमः शिवाय' का जप करने की सलाह दी गई है।