गुजरात के पोरबंदर जिले के माधवपुर में भगवान श्री कृष्ण और रुक्मिणी के विवाह का भव्य आयोजन किया गया। मान्यता है कि कृष्ण ने रुक्मिणी का हरण कर इसी स्थान पर विवाह रचाया था। 27 मार्च 2026 से शुरू हुए इस पांच दिवसीय मेले में उत्तर-पूर्व भारत की सांस्कृतिक झलक भी देखने को मिली। कार्यक्रम में बताया गया कि 1840 में रानी रूपनिभा द्वारा पुनर्निर्मित माधवराय मंदिर इस पौराणिक घटना का प्रतीक है। दूसरी ओर, महावीर जयंती के अवसर पर जयपुर में भव्य शोभायात्रा निकाली गई, जिसमें 24 स्वर्ण जड़ित रथ शामिल हुए। यहाँ 2625 श्रद्धालुओं ने एक साथ चवड़ डुलाकर विश्व कीर्तिमान स्थापित किया। इसके अलावा धौलपुर, अजमेर और प्रयागराज में भी भगवान महावीर के 'जियो और जीने दो' के संदेश के साथ जुलूस निकाले गए। बुलेटिन के अंत में समस्तीपुर के 59वें श्याम महोत्सव का जिक्र किया गया, जहाँ अखंड पाठ और फूलों की होली के साथ उत्सव का समापन हुआ।