आज सबसे पहले आपको ले चलेंगे सुरजकुंड। जहां देश और दुनिया के बेजोड़ हैंडीक्राफ्ट सजे हैं। आपको मेले में शिल्पकारों और लोक कलाकारों से मिलवाएंगे। और उसके बाद चलेंगे प्रयागराज, जहां संगम पर माघ मेले के इन्द्रधनुषी रंग है। माघ पूर्णिमा के ऐतिहासिक स्नान के बाद भी श्रद्धालुओं के आने का सिलसिला जारी है