फ्रांस के वर्साई पैलेस में अमेरिका और ईरान के बीच शांति समझौते पर हस्ताक्षर के साथ 110 दिनों से जारी जंग खत्म हो गई है. इस 14 सूत्रीय समझौते के तहत हॉरमुज़ स्ट्रेट को 60 दिनों के लिए टोल-फ्री खोल दिया गया है. इसके अलावा, ईरान पर लगे प्रतिबंध चरणबद्ध तरीके से हटाए जाएंगे और अमेरिका ईरान के आर्थिक विकास के लिए 300 अरब डॉलर की फंडिंग करेगा. बदले में ईरान ने परमाणु हथियार हासिल न करने और अपने 11 टन संवर्धित यूरेनियम को कम शक्तिशाली बनाने पर सहमति जताई है. इस युद्ध से ग्लोबल इकोनॉमी को भारी नुकसान हुआ था, जिससे भारत का आयात बिल 15.22 फीसदी बढ़ गया था और उर्वरक उत्पादन में 24.6 फीसदी की गिरावट आई थी. जंग रुकने के ऐलान के साथ ही कच्चे तेल की कीमतों में 4 फीसदी की कमी आई है. इस समझौते से भारत को सस्ते तेल और गैस की आपूर्ति सुनिश्चित होगी. साथ ही, खाड़ी देशों में रहने वाले भारतीयों और समुद्री व्यापार से जुड़े लोगों को बड़ी राहत मिलेगी.