चार धाम यात्रा इस वर्ष 19 अप्रैल को अक्षय तृतीया के अवसर पर शुरू होगी. यमुनोत्री और गंगोत्री धाम के कपाट 19 अप्रैल को, केदारनाथ के 22 अप्रैल को और बद्रीनाथ धाम के कपाट 23 अप्रैल को श्रद्धालुओं के लिए खोले जाएंगे. इस बार यात्रा के लिए कई नए और सख्त नियम लागू किए गए हैं, जिनमें सभी श्रद्धालुओं के लिए ऑनलाइन पंजीकरण अनिवार्य कर दिया गया है. बदरी-केदार मंदिर समिति (BKTC) ने फैसला लिया है कि केदारनाथ और बद्रीनाथ धाम में गैर-हिंदुओं का प्रवेश प्रतिबंधित रहेगा. मंदिर परिसर के अंदर मोबाइल फोन ले जाने, फोटोग्राफी करने और वीडियो या रील्स बनाने पर भी सख्ती से रोक लगा दी गई है. नए नियमों के तहत, श्रद्धालु अब गर्भगृह में मूर्तियों को स्पर्श नहीं कर पाएंगे और न ही सीधे गंगाजल, फल या फूल जैसी पूजन सामग्री अर्पित कर सकेंगे; यह सामग्री अब पुजारियों को देनी होगी. वाहनों के लिए ट्रिप कार्ड अनिवार्य होगा, जिसमें ड्राइवर और यात्रियों की पूरी जानकारी दर्ज होगी.