मध्य पूर्व में जारी तनाव और वैश्विक अनिश्चितता के बावजूद, सराफा बाजार में सोने और चांदी की कीमतों में भारी गिरावट देखने को मिल रही है. आमतौर पर संकट के समय सुरक्षित निवेश माने जाने वाले इन कीमती धातुओं के दाम इस बार नीचे आए हैं. पिछले कुछ समय में सोना अपने उच्चतम स्तर से काफी सस्ता हुआ है, जबकि चांदी की कीमतों में भी बड़ी गिरावट दर्ज की गई है. बाजार विशेषज्ञों के अनुसार, इस गिरावट के पीछे मजबूत होता डॉलर, निवेशकों द्वारा मुनाफावसूली और प्रधानमंत्री द्वारा सोने की खरीद कम करने की अपील जैसे कई कारण शामिल हैं. प्रधानमंत्री की इस अपील का उद्देश्य देश के बढ़ते आयात बिल और चालू खाता घाटे को नियंत्रित करना है. ऑल इंडिया बुलियन ज्वैलर्स एसोसिएशन जैसे विशेषज्ञ निकायों का मानना है कि कीमतों में गिरावट का यह दौर जारी रह सकता है. हालांकि, लंबी अवधि के निवेशकों के लिए यह अभी भी एक सुरक्षित विकल्प है, जबकि छोटी अवधि के निवेशकों को सतर्क रहने की सलाह दी गई है.