देशभर में भाद्रपद मास के कृष्ण पक्ष की अष्टमी तिथि पर श्रीकृष्ण जन्माष्टमी का पर्व मनाया जा रहा है. मथुरा, वृंदावन, दिल्ली और मुंबई समेत देश के प्रमुख मंदिरों में विशेष सजावट और मंगला आरती के साथ जन्मोत्सव की शुरुआत हुई है. इस वर्ष अष्टमी तिथि और रोहिणी नक्षत्र के दुर्लभ संयोग से द्वापर युग जैसे ग्रह योग बन रहे हैं. मथुरा स्थित श्रीकृष्ण जन्मस्थान और केशव देव मंदिर में मध्यरात्रि भगवान के प्राकट्य के समय पंचामृत अभिषेक, सहस्रार्चन और विशेष आरती का आयोजन निर्धारित है. इस अवसर पर घर में पूजन विधि, तुलसी दल, पंचामृत, धनिए की पंजीरी और विशेष भोग के नियमों के साथ-साथ आधुनिक जीवन में तनाव मुक्ति, निष्काम कर्म, टीमवर्क और संयम जैसे श्रीकृष्ण के जीवन दर्शन के व्यावहारिक महत्व को भी रेखांकित किया गया है.