
child birth (Photo: Representational )
child birth (Photo: Representational )
साउथ कोरिया से एक बेहद सुकून देने वाली खबर सामने आई है. यहां के एक छोटे से टाउन में पूरे 17 साल बाद बच्चे का जन्म हुआ है. इस खास मौके पर यहां के लोग जश्न मना रहे हैं. यह घटना न सिर्फ उस गांव के लिए, बल्कि पूरे देश के लिए एक पॉजिटिव संकेत मानी जा रही है. दरअसल साउथ कोरिया लंबे समय से दुनिया के सबसे कम जन्म दर वाले देशों में शामिल रहा है. महंगाई, करियर और शादी न करने की वजह से यहां का फर्टिलिटी रेट कम है.
17 साल बाद गांव में हुआ बच्चे का जन्म
South China Post के मुताबिक साउथ कोरिया के हांगसोंग काउंटी के यूनहा-म्योन नाम के गांव में 19 मार्च को एक बच्चे का जन्म हुआ. यह गांव पिछले 17 सालों से किसी नवजात के जन्म का इंतजार कर रहा था. बच्चे का नाम जियोंग योंग-जुन रखा गया है. इस खुशी के मौके पर गांव की मुख्य सड़क पर बैनर लगाकर उसका स्वागत किया गया, जिसमें लिखा था कि यह 2026 में गांव को मिला एक खास तोहफा है.
गांव में खुशी का माहौल, लोगों में नई उम्मीद
इस छोटे से गांव की आबादी लगातार घटती जा रही थी. पिछले 6 साल में यहां की जनसंख्या 2600 से घटकर 2000 से भी कम रह गई है. ऐसे में इस बच्चे का जन्म यहां के लोगों के लिए सिर्फ खुशी ही नहीं, बल्कि भविष्य की उम्मीद भी लेकर आया है.

स्कूल में भी बढ़ी रौनक
गांव के एकमात्र स्कूल में भी हाल ही में 4 नए बच्चों का एडमिशन हुआ है, जिससे वहां पढ़ने वाले बच्चों की संख्या बढ़कर 17 हो गई है. यह भी गांव के लिए एक बड़ी उपलब्धि मानी जा रही है. पहले जहां स्कूल में बच्चों की कमी थी, वहीं अब धीरे-धीरे हालात बदलते नजर आ रहे हैं.
देश में भी बढ़ रही जन्म दर के संकेत
साउथ कोरिया लंबे समय से दुनिया के सबसे कम जन्म दर वाले देशों में शामिल रहा है. हालांकि हाल ही में आंकड़ों में थोड़ा सुधार देखने को मिला है. साल 2025 में जन्म दर में करीब 6.2% की बढ़ोतरी दर्ज की गई है और तलाक के मामलों में भी कमी आई है. इससे यह उम्मीद जगी है कि देश धीरे-धीरे इस समस्या से बाहर निकल सकता है.
गांव की मेयर शिम सिओन-जा ने कहा कि प्रशासन हर संभव प्रयास करेगा, ताकि यह इलाका बच्चों के पालन-पोषण के लिए बेहतर बन सके. उन्होंने भरोसा दिलाया कि यहां रहने वाले परिवारों को हर तरह की सुविधा दी जाएगी, ताकि लोग यहां बसने के लिए प्रेरित हों.