कोरोना पर शिकंजा, 44 करोड़ बच्चों का जल्द होगा टीकाकरण

कोविड टास्क फोर्स के अध्यक्ष ने बताया कि दो हफ्तों के अंदर बूस्टर और अतिरिक्त खुराक पर एक व्यापक नीति लाने वाली है. इस नीति में इस बात का भी ख्याल रखा जाएगा कि किसे, कैसे और कब टीके की आवश्यकता होगी.

44 करोड़ बच्चों का जल्द होगा टीकाकरण
gnttv.com
  • नई दिल्ली,
  • 29 नवंबर 2021,
  • अपडेटेड 7:12 PM IST
  • बूस्टर डोज को लेकर आएगी व्यापक नीति
  • 18 साल से कम उम्र के बच्चों का जल्द होगा टीकाकरण

 

 

कोरोना का कहर फिर से बढ़ने लगा है. इसको लेकर तमाम संस्थान कई तरह की तैयारियों में जुटे है. नए कोरोना वेरिएंट 'ओमीक्रॉन' के पाए जाने के बाद, कोविड टास्क फोर्स के अध्यक्ष डॉ एनके अरोड़ा का कहना है कि कोविड वैक्सीन के बूस्टर और अतिरिक्त खुराक पर एक व्यापक नीति की घोषणा दो सप्ताह में की जाएगी. इसके साथ ही उन्होंने बताया कि 44 करोड़ से अधिक बच्चों का टीकाकरण करने की भी योजना तैयार की गई है. 

बूस्टर डोज को लेकर आएगी व्यापक नीति
डॉ अरोड़ा ने ये भी बताया कि, "नेशनल टेक्निकल एडवाइजरी ग्रुप ऑन इम्यूनाइजेशन अगले दो हफ्तों के अंदर बूस्टर और अतिरिक्त खुराक पर एक व्यापक नीति लाने वाली है. इस नीति में इस बात का भी ख्याल रखा जाएगा कि किसे,  कैसे और कब टीके की आवश्यकता होगी. ये इस संदर्भ में भी आवश्यक है कि एक नया संस्करण आ रहा है और समय के साथ ही हमें इसके बारे में और जानकारी मिल जाएगी. इससे वर्तमान टीकों की प्रभावशीलता भी समय के साथ ही स्पष्ट हो जाएगी."

क्या है बूस्टर खुराक और अतिरिक्त खुराक का अंतर?
डॉ अरोड़ा ने आगे बताया कि, बूस्टर खुराक और अतिरिक्त खुराक के बीच एक अंतर है. बूस्टर खुराक दो प्राथमिक खुराक के बाद एक पूर्व निर्धारित अवधि में दी जाती है. जबकि अतिरिक्त खुराक केवल उन लोगों को दी जाती है जिन्हें प्राथमिक खुराक के बाद भी उनके प्रतिरक्षा कार्य में समस्या होती है. यदि किसी व्यक्ति के शरीर में प्रतिरक्षा कार्य ठीक से नहीं होता है तो आप उसे अतिरिक्त खुराक दे सकते हैं.

44 करोड़ को जल्द मिलेगी वैक्सीन
बच्चों के टीकाकरण के मुद्दे पर, डॉ अरोड़ा ने कहा, "जैसा कि मैं बार-बार कह रहा हूं कि बच्चे हमारी सबसे महत्वपूर्ण संपत्ति हैं और हमने 18 साल से कम उम्र के 44 करोड़ से अधिक बच्चों के टीकाकरण के लिए एक व्यापक योजना बनाई है. प्राथमिकता प्रक्रिया भी बनाई गई है ताकि सह-रुग्णता यानी किसी बीमारी का इतिहास रखने वाले बच्चों को प्राथमिकता दी जाए और स्वस्थ बच्चों का टीकाकरण किया जाए. इस योजना को बहुत जल्द सार्वजनिक किया जाएगा. ZyCoV-D, Covaxin, Corbevax और फिर mRNA वैक्सीन बच्चों के लिए उपलब्ध हैं. बच्चों के लिए भी पर्याप्त मात्रा में टीके उपलब्ध होंगे."

क्या है ओमीक्रॉन?
कोरोना वायरस का एक नया संस्करण 'ओमीक्रॉन' संस्करण (बी.1.1.529), पहली बार बोत्सवाना में 11 नवंबर, 2021 को पाया गया था, जिसके बाद फिर 14 नवंबर को भी ये दक्षिण अफ्रीका में पाया गया. इसे विश्व स्वास्थ्य संगठन द्वारा चिंता का संस्करण घोषित किया है.
 

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