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Saharanpur: गोबर से तैयार किया गया इकोफ्रेंडली पेंट, 3000 लीटर की कीमत बैठी 7 लाख.. नगर निगम को भी मिला पैसा

‘वेस्ट टू वेल्थ’ की सोच के तहत गोबर से प्राकृतिक पेंट जिसमें 2200 लीटर इमल्शन और 960 लीटर डिस्टेंपर पेंट शामिल है.

गोबर से तैयार पेंट
gnttv.com
  • सहारनपुर,
  • 24 जनवरी 2026,
  • अपडेटेड 7:38 AM IST

सहारनपुर के नगर निगम की कान्हा उपवन गौशाला में गोबर से बने प्राकृतिक पेंट ने बाजार में अपनी अलग पहचान बनानी शुरू कर दी है. गौशाला में तैयार इस पेंट की मांग लगातार बढ़ रही है, और अब तक तीन हजार लीटर से ज्यादा पेंट की बिक्री हो चुकी है. खास बात यह है कि यह पेंट पूरी तरह इकोफ्रेंडली है और किसी भी तरह के हानिकारक रसायन से मुक्त बताया जा रहा है.

'वेस्ट टू वेल्थ' की सोच
सहारनपुर नगर निगम द्वारा संचालित सावलपुर नवादा स्थित मां शाकुंभरी कान्हा उपवन गौशाला में ‘वेस्ट टू वेल्थ’ की सोच के तहत गोबर से प्राकृतिक पेंट बनाने की यूनिट स्थापित की गई है. नगर निगम प्रदेश का पहला ऐसा निकाय बन गया है, जहां गोबर से व्यावसायिक स्तर पर पेंट का उत्पादन हो रहा है. अब तक कुल 3160 लीटर पेंट बिक चुका है, जिसमें 2200 लीटर इमल्शन और 960 लीटर डिस्टेंपर पेंट शामिल है.

पेंट बिक्री पर नगर निगम को रॉयलटी
इस पेंट यूनिट का संचालन जयपुर की संस्था लक्ष्मी ऑर्गेनिक्स के माध्यम से ई-निविदा प्रक्रिया के तहत किया जा रहा है. पेंट की बिक्री पर नगर निगम को प्रति लीटर 10 रुपये 45 पैसे की रॉयलटी मिलती है. इसी क्रम में गौशाला प्रभारी एवं पशु चिकित्सा एवं कल्याण अधिकारी डॉ. संदीप कुमार मिश्र ने पेंट बिक्री से प्राप्त 33 हजार 22 रुपए की रॉयल्टी का चेक नगर आयुक्त शिपू गिरि को सौंपा. बताया गया कि कुल बिक्री लगभग सात लाख रुपये के आसपास रही है.

विशेषज्ञों ने बताया पूरी तरह सेफ
पशु चिकित्सा एवं कल्याण अधिकारी डॉ. संदीप कुमार मिश्र ने बताया कि गोबर से बना यह पेंट न सिर्फ पर्यावरण के अनुकूल है, बल्कि स्वास्थ्य के लिहाज से भी सुरक्षित है. इसमें लेड, मरकरी जैसे किसी भी तरह के हेवी मेटल का प्रयोग नहीं किया गया है. यह एंटी-बैक्टीरियल और एंटी-फंगल गुणों से युक्त है, जिससे दीवारों पर फफूंद और कीटाणुओं का असर कम होता है. अधिकारियों का कहना है कि भविष्य में सहारनपुर मंडल और प्रदेश के अन्य जिलों में भी इस प्राकृतिक पेंट को बढ़ावा देने की योजना है.

बेचा गया 7 लाख का पेंट
संदीप कुमार मिश्र, पशु चिकित्सा एवं कल्याण अधिकारी नगर निगम, बताते हैं कि नगर निगम सहारनपुर द्वारा मां शाकंभरी उपवन गौशाला का संचालन किया जा रहा है. इस गौशाला को आत्मनिर्भर बनाने के लिए विभिन्न प्रयास होते रहते हैं. उसी क्रम में हम गाय के शुद्ध गोबर से प्राकृतिक पेंट का निर्माण किया जा रहा है. अब तक 3160 लीटर पेंट का उत्पादन कर बेचा गया है, जिसकी कीमत 7 लाख रुपए है. 

पेंट की खास बात है कि यह इकोफ्रेंडली है और दूसरे पेंट की अपेक्षा किफायती है, एंटीबैक्टीरियल है एंटीफंगल है और इसमें कोई भी गढ़ नहीं है और इसमें सबसे विशेष बात यह है कि इसमें किसी भी प्रकार का कोई भी हेवी मेटल नहीं है. जैसे मार्केट में और पेंट उपलब्ध है उनके अंडर हेवी मेटल है, इसलिए पेंट हेल्थ के लिए और पर्यावरण के लिए भी अच्छा है और वेस्ट टू वेल्थ की जो कल्पना है उसे साकार किया जा रहा है.

- अनिल कुमार भारद्वाज की रिपोर्ट

 

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